Chhath Puja 2022: उगते सूरज को अर्घ्य देने के साथ ही संपन्न हुआ छठ महापर्व

Chhath Puja 2022: छठ पूजा की शुरुआत नहाय खाय की परंपरा से होती है. उसके बाद खरना, संध्या अर्घ्य और चौथे दिन उषा अर्घ्य दिया जाता है. इससे ही छठ के पर्व का समापन होता है.

Advertisement
chhath puja: मेरठ में सूर्य को अर्घ्य देती महिला श्रद्धालु chhath puja: मेरठ में सूर्य को अर्घ्य देती महिला श्रद्धालु

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 30 अक्टूबर 2022,
  • अपडेटेड 7:45 AM IST

Chhath Puja 2022: देशभर में छठ के महापर्व का आज समापन हो गया. तीन दिन के इस त्योहार के आखिरी दिन महिलाओं ने उगते हुए सूर्य को अर्घ्य दिया. सूर्य को अर्घ्य देने के साथ के साथ ही इस महापर्व का समापन हो गया. 

छठ पूजा में सूर्य भगवान और माता छठी की पूजा की जाती है. छठ पर्व में महिलाएं 36 घंटे का व्रत रखती हैं. इस पर्व को सूर्य षष्ठी के नाम से भी जाना जाता है. छठ का पर्व साल में दो बार आता है. छठ की शुरुआत 28 अक्टूबर को नहाय खाय के साथ हुई थी. छठ का ये पर्व संतान की सुख समृद्धि, अच्छे सौभाग्य और सुखी जीवन के लिए रखा जाता है. साथ ही यह व्रत पति की लंबी उम्र की कामना के लिए भी रखा जाता है.

Advertisement

छठ का धार्मिक महत्व

ऐसी मान्यता है कि सूर्य देव की पूजा करने से तेज, आरोग्यता और आत्मविशवास की प्राप्ति होती है. दरअसल, ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, सूर्य ग्रह को पिता, पूर्वज, सम्मान का कारक माना जाता है. साथ ही छठी माता की अराधना से संतान और सुखी जीवन की प्राप्ति होती है. इस पर्व की सबसे बड़ी विशेषता है कि यह पर्व पवित्रता का प्रतीक है. 

छठ पर्व के अंतिम दिन वाराणसी में सुबह उगते हुए सूर्य को अर्घ्य देती महिलाएं

कहां कितने बजे हुआ सूर्योदय

दिल्ली- सुबह 06 बजकर 30 मिनट

पटना- सुबह 05 बजकर 55 मिनट

आगरा- सुबह 06 बजकर 25 मिनट

गोरखपुर- सुबह 06 बजकर 03 मिनट

इंदौर- सुबह 06 बजकर 29 मिनट

लखनऊ- सुबह 06 बजकर 13 मिनट

गाजियाबाद- सुबह 06 बजकर 30 मिनट

नोएडा- सुबह 06 बजकर 31 मिनट

Advertisement

लखनऊ- सुबह 06 बजकर 15 मिनट

मुंबई- सुबह 06 बजकर 38 मिनट

कोलकाता- सुबह 05 बजकर 40 मिनट

औरंगाबाद- सुबह 06 बजकर 05 मिनट

देहरादून- सुबह 06 बजकर 31 मिनट

गोरखपुर- सुबह 06 बजकर 05 मिनट 
 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement