Chandra Grahan 2026: चंद्र ग्रहण के बाद करें ये उपाय, कम होगा नकारात्मक प्रभाव

Chandra Grahan 2026: आज साल का पहला चंद्र ग्रहण लग चुका है. ज्योतिषियों के अनुसार, इस दौरान नकारात्मक प्रभाव बढ़ सकते हैं. ऐसे में मंत्र जाप, स्नान और दान जैसे सरल उपाय करके आप खुद को सुरक्षित रख सकते हैं और कई गुना पुण्य फल प्राप्त कर सकते हैं.

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चंद्र ग्रहण 2026 उपाय (Photo: ITG) चंद्र ग्रहण 2026 उपाय (Photo: ITG)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 03 मार्च 2026,
  • अपडेटेड 5:53 PM IST

Chandra Grahan 2026: आज साल का पहला चंद्र ग्रहण लगा है, जिसकी शुरुआत दोपहर 3 बजकर 20 मिनट से हुई और समापन शाम 6 बजकर 46 मिनट पर होगा. ज्योतिषियों के अनुसार, चंद्र ग्रहण के प्रभाव बहुत ही खतरनाक होता है, जिससे बचने के भी कुछ उपाय बताए हैं. तो आइए जानते हैं कि चंद्र ग्रहण के नकारात्मक ऊर्जा से बचने के लिए कौन से उपाय करना लाभदायक माना जा रहा है. 

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1. चंद्र ग्रहण के समय किसी एक मंत्र का जाप करना अत्यंत शुभ माना जाता है. यह जाप आपको नकारात्मक प्रभावों से बचाने में मदद करता है और इसका फल कई गुना बढ़कर प्राप्त होता है. यदि आपने किसी गुरु से गुरु मंत्र लिया है, तो ग्रहण के दौरान उसी मंत्र का जाप करें. यदि आपने गुरु मंत्र नहीं लिया है, तो चिंता करने की आवश्यकता नहीं है, आप अपनी श्रद्धा के अनुसार भगवान का स्मरण कर सकते हैं.

2. अगर आप भगवान शिव के भक्त हैं, तो 'ऊं नमः शिवाय' मंत्र का जाप करें. यदि आप भगवान विष्णु के भक्त हैं, तो 'ऊं नमो भगवते वासुदेवाय' मंत्र का जाप करें. इसके अलावा, आप जिस भी देवी-देवता में आस्था रखते हैं, उनके मंत्र का जाप ग्रहण के दौरान कर सकते हैं.

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चंद्र ग्रहण के बाद करें ये उपाय

1. ग्रहण समाप्त होने के बाद घर में स्नान करें. स्नान के पानी में थोड़ा गंगाजल मिलाएं और "हर-हर गंगे'' का उच्चारण करते हुए स्नान करें.

2. इसके बाद अपने घर के मंदिर की सफाई करें और गंगाजल का छिड़काव करें. पूरे घर में भी गंगाजल छिड़कना शुभ माना जाता है. फिर अपने इष्ट देव की विधि-विधान से पूजा करें.

3. यदि घर में शिव परिवार स्थापित है, तो जल से अभिषेक करें और भगवान शिव की आरती करें. यदि घर में शिव परिवार नहीं है, तो आसपास के मंदिर में जाकर जल अर्पित कर सकते हैं (मंदिर खुलने के बाद ही जाएं, क्योंकि पहले वहां शुद्धि और सफाई की जाती है).

4. उसके बाद दान का कार्य करें. दान में चावल, दाल, आटा, नमक, गुड़, फल और सब्जियां शामिल करें, जैसे-

-1 किलो चावल
-आधा किलो दाल
-1 किलो आटा
-नमक का एक पैकेट
-कम से कम आधा किलो गुड़
-1 किलो फल
-1 किलो सब्जी

इन वस्तुओं के साथ अपनी श्रद्धा अनुसार दक्षिणा रखकर किसी जरूरतमंद व्यक्ति को दान करें. यदि कोई जरूरतमंद न मिले, तो मंदिर में भी दान कर सकते हैं.

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