ट्यूबवेल के लिए खुदे गड्ढे में गिरा 5 साल का मासूम, दिनभर की कोशिश के बाद निकाला गया तो थम चुकी थी सांसें

राजस्थान के झालवाड में खेत में खेलते हुए एक 5 साल का बच्चा ट्यूबवेल के लिए खोदे गए गड्ढे में जा गिरा. पूरे दिन की कोशिश के बाद जब देर रात 3.40 बजे उसे बाहर निकाला गया तब वह मर चुका था.

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ट्यूबवेल के लिए खुदे गड्डे में जा गिरा 5 साल का मासूम, रेस्क्यू टीम ने निकाला तो थम चुकी थी सांसें ट्यूबवेल के लिए खुदे गड्डे में जा गिरा 5 साल का मासूम, रेस्क्यू टीम ने निकाला तो थम चुकी थी सांसें

फिरोज अहमद खान

  • झालवाड,
  • 24 फरवरी 2025,
  • अपडेटेड 11:50 AM IST

राजस्थान में झालावाड जिले के डग तहसील के पाडला गांव में कल अपने ही खेत में खेलते हुए एक 5 साल का बच्चा ट्यूबवेल के लिए खोदे गए गड्ढे में जा गिरा. गिरने के बाद वह 32 फीट पर फंस गया था. ऐसे में रविवार दिनभर और रात को एसडीआरएफ की टीमें रेस्क्यू आपरेशन कर बच्चे को बचाने की कोशिश करती रहीं.  लेकिन रात 3.40 बजे जब बच्चे को ट्यूबवेल से बाहर निकाला गया तो उसकी सांसें रुक चुकी थीं. बच्चे की दर्दनाक मौत हो गयी थी.

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गौरतलब है कि जिले के पाडला गांव के किसान कालू लाल बागरी ने चार दिन पहले ये ट्यूबवेल खुदवाया था. ट्यूबवेल में पानी नहीं निकलने के कारण उसने खेत पर दुसरी जगह खुदाई कराई. दुसरी जगह पर पानी निकल गया तो पहले वाले गड्ढे को सिर्फ एक पत्थर से ढंककर जस के तस छोड़ दिया गया था.

रविवार को कालूलाल बागरी का पांच साल का बच्चा प्रहलाद खेलते हुए ट्यूबवेल के ऊपर रखे पत्थर पर बैठ गया लेकिन किसी तरह पत्थर गड्ढे में गिर गया. ऐसे में प्रहलाद भी अंदर चला गया. लेकिन पत्थर और बच्चा 32 फीट पर अटक गए. बच्चे को गड्ढे मे गिरते  हुए कुछ दुरी पर फसल काट रहे उसके परीजनों देख लिया था. उन्होंने शोर मचाया तो सारे ग्रामीण जुट गए और रस्सी डालकर बच्चे को निकालने की कोशिश करने लगे. गांव वालो ने रस्सी के सहारे एक दो बार बच्चे को पानी भी पिलाया और बच्चा रस्सी पकड़कर थोड़ा ऊपर भी आया लेकिन उसका हाथ फिसल गया.

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इसके बाद प्रशासन और पुलिस को सुचना दी गई तो जिले मे हडकंप मच गया. सुचना पर जिला कलक्टर अजय सिंह, जिला पुलिस अधीक्षक ऋचा तोमर समेत सारा प्रशासनिक अमला मौके पर पहुंच गया. उधर एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमों ने रेस्क्यू आपरेशन शुरू कर दिया.

 ट्यूबवेल में फंसे हुए पत्थर के कारण किसी तरह शाम तक बच्चे की सांसे चलती रहीं लेकिन रात होते-होते उसकी सांसे बन्द होने लगीं. देर रात 3.40 बजे बच्चे को बाहर निकाल कर डग सीएचसी लाया गया जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया. वहां से उसे जिला हॉस्पिटल झालावाड रवाना किया गया है जहां उसका पोस्टमार्टम होगा.
 

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