मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में प्रेम प्रसंग के शक में एक युवती के साथ बर्बरता का मामला सामने आया है. एक महिला ने 'लव ट्रायंगल' के चलते होटल की नई रिसेप्शनिस्ट को बंधक बनाया और अपने साथियों की मदद से उसके साथ मारपीट कर दुष्कर्म करवाया. पुलिस ने मुख्य आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश जारी है.
आरोपी महिला विनीता राजपूत पहले उसी होटल में रिसेप्शनिस्ट के रूप में काम करती थी और होटल संचालक से उसके संबंध थे. वह उससे शादी करना चाहती थी, लेकिन रिश्ता टूटने के बाद उसने नौकरी छोड़ दी थी. बाद में उसी जगह नई रिसेप्शनिस्ट (पीड़िता) ने काम शुरू किया, जिससे विनीता को शक हुआ कि उसका होटल संचालक के साथ संबंध है. इसी शक के चलते विनीता ने पूरी साजिश रची.
होटल के कमरे में हैवानियत
उसने अपने दो साथियों को होटल भेजकर कमरे में बुलवाया, जहां पीड़िता को बंधक बनाकर उसके साथ मारपीट, गाली-गलौज और अभद्र कृत्य किए गए. कुछ देर बाद आरोपी महिला भी वहां पहुंची और उसने भी पीड़िता के साथ मारपीट करते हुए जान से मारने की धमकी दी. इतना ही नहीं, तीनों ने मिलकर पीड़िता को जबरन स्कूटी पर बैठाकर ग्वालियर ले जाने की कोशिश की.
पुलिस की वजह से बची जान
घटना 24 अप्रैल की है, जब 80 फीट रोड स्थित होटल में झगड़े की सूचना पुलिस को मिली थी. मौके पर पहुंचने पर कोई नहीं मिला और सीसीटीवी रिकॉर्डिंग भी पहले से हटा दी गई थी, जिससे पुलिस को संदेह हुआ.
होटल स्टाफ से पूछताछ में पता चला कि पूर्व कर्मचारी विनीता राजपूत कुछ युवकों के साथ आई थी और विवाद के बाद रिसेप्शनिस्ट को अपने साथ ले गई. इसके बाद पुलिस ने जांच तेज की और मोबाइल लोकेशन ट्रैक कर आरोपी का पता लगाया, जो बजरिया इलाके में मिला.
कोलार और बजरिया थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में आरोपी महिला और पीड़िता को बरामद किया गया. पूछताछ में पीड़िता ने पूरे घटनाक्रम का खुलासा किया. उसने बताया कि आरोपी उसे होटल संचालक से दूर रहने के लिए धमका रही थी और इसी वजह से उसे निशाना बनाया गया. फिलहाल पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है.
इनका कहना
ACP आलोक श्रीवास्तव ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया, "आरोपी महिला को संदेह था कि होटल मालिक के नई रिसेप्शनिस्ट के साथ संबंध हैं. इसी के चलते उसने पीड़िता के साथ मारपीट की और दुष्कर्म करवाया. मुख्य आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया गया है और फरार आरोपियों को पकड़ने के लिए टीमें गठित की गई हैं."
धर्मेंद्र साहू