महंगी-महंगी जांच कराने से नहीं सुधरेगी सेहत, डॉक्टर ने बताया फ्री वाला 'जादुई' फॉर्मूला!

पैथालॉजी, रेडियोलॉजी और डायग्नोस्टिक सेंटर्स पर आजकल लोगों की भीड़ लगी हुई है. डॉक्टर के मुताबिक, इन महंगी-महंगी जांचों से बचने के भी कुछ फ्री वाले तरीके हैं, उनके बारे में जानेंगे.

Advertisement
मेडिकल रिपोर्ट्स में काफी खर्चा होता है. (Photo: PIXABAY) मेडिकल रिपोर्ट्स में काफी खर्चा होता है. (Photo: PIXABAY)

आजतक लाइफस्टाइल डेस्क

  • नई दिल्ली,
  • 03 फरवरी 2026,
  • अपडेटेड 7:28 AM IST

आजकल के समय में अपने आपको फिट रखने के लिए लोग तरह-तरह की जांच कराते हैं ताकि आने वाले खतरे से पहले ही अवेयर हुआ जा सके. कई डायग्नोस्टिक और पैथालॉजी लैब्स ने आजकल पैकेज भी निकाल दिए हैं जो पूरी बॉडी का चैकअप करने के अलग-अलग चार्ज लेते हैं. महंगे-महंगे सेंटर्स पर जाना यानी शरीर के 70-80 टेस्ट करवाना और फिर उनकी रिपोर्ट मिलना. लेकिन क्या आपको लगता है कि पहले भी इस तरीके से लोग हेल्थ को मेंटेन करते थे? दरअसल, ऐसे भी कई तरीके हैं जिससे आप इन महंगी-महंगी जाचों के खर्चों से बच सकते हैं और सर्जरी या ऑपरेशन के लाखों रुपये के खर्चे से भी बच सकते  हैं.

Advertisement

महंगी रिपोर्ट सेहत की गारंटी नहीं 

दिल्ली के कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. शैलेश सिंह ने का कहना है कि असली सेहत टेस्ट की रिपोर्ट्स बटोरने में नहीं, बल्कि उन आदतों में है जिन पर एक धेला भी खर्च नहीं होता. एक ऐसा तरीका भी है जिसके लिए आपको बिल्कुल खर्च करने की जरूरत नहीं होगी और आपकी उम्र भी लंबी हो सकती है.

लोग अक्सर महंगे हेल्थ चेकअप को ही अपनी सेहत मान लेते हैं और वो इन टेस्ट को करवा लेना ही अच्छी सेहत की गारंटी मान लेते हैं. लेकिन असली चुनौती तो लाइफस्टाइल है. यदि आप अपनी लाइफस्टाइल नहीं बदलेंगे तो आपके ये खर्चे होते रहेंगे.

क्या है फ्री वाला तरीका?

हार्ट स्पेशलिस्ट के मुताबिक, बीमारी होने के बाद इलाज कराना बेहद महंगा और दर्दनाक हो सकता है. एक एंजियोप्लास्टी में जहां 3 से 5 लाख रुपये खर्च होते हैं, वहीं बाईपास सर्जरी का खर्च 8 लाख तक जा सकता है. इसके अलावा आईसीयू का प्रतिदिन का खर्चा 50 हजार रुपये तक होता है. 

Advertisement

इसके विपरीत यदि आप इनसे बचने का तरीका सर्च करते हैं तो वो बिल्कुल फ्री है. आप रोजाना पैदल चलें जिसके लिए आपको बिल्कुल खर्च करने की जरूरत नहीं है और वहीं आप चावल और कार्ब कम खाएंगे तो उसमें भी आपका कोई खर्च नहीं होगा. अगर आप सिर्फ इन पर ध्यान दें, तो लाखों रुपये की सर्जरी की नौबत ही नहीं आएगी.

बीपी और लिपिट पर दें ध्यान

डॉक्टर ने बताया कि प्रिवेंशन ही है असली सुपरपावर है. अच्छी सेहत के लिए आप बस अपनी दवाइयां समय पर लें, ब्लड प्रेशर मॉनिटर करें (जिसकी दवा का खर्च महीने का मात्र 300 रुपये है) और साल में एक बार 800 रुपये वाला लिपिड प्रोफाइल टेस्ट कराएं. यह छोटा सा इन्वेस्टमेंट आपको भविष्य के बड़े आर्थिक और शारीरिक संकट से बचा सकता है.

कई हेल्थ एक्सपर्ट पैदल चलने को संजीवनी बूटी की तरह मानते हैं. अपोलो के न्यूरोलॉजिस्ट डॉ. सुधीर कुमार भी कहते हैं कि शरीर को 'जंग' से बचाने के लिए मूवमेंट जरूरी है. पैदल चलने से न केवल दिल सेहतमंद रहता है, बल्कि मसल्स और हड्डियां भी मजबूत होती हैं. यह मूड को बेहतर बनाता है और स्ट्रेस कम करता है. 

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement