उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थ नाथ के घर राज्यपाल के आने का कार्यक्रम था. पुलिस का अमला चौकस था, लेकिन विधायक हर्षवर्धन वाजपेयी भी बिन बुलाए आ धमके. पुलिस ने रोका तो साहब बेकाबू हो गए. बीच सड़क पर पुलिस वालों को धौंस दिखाने लगे. पुलिस के आला अफसर खड़े होकर समझा रहे थे. लेकिन जनाब गाड़ी में बैठे-बैठे दिल्ली से लखनऊ तक फोन घुमाने की अकड़ दिखा रहे थे. अपने विधायक की ये हरकत देखकर खुद पार्टी भी शर्मिंदा है. सिद्धार्थ नाथ ने कहा कि ऐसा नहीं होना चाहिए, नौजवान हैं गलती हो गई.