BJP नेता दिलीप घोष को ममता का जवाब- यह राजनीति नहीं, काम का समय है

पश्चिम बंगाल बीजेपी के अध्यक्ष दिलीप घोष को पुलिस ने 24 परगना जिले का दौरा करने से रोक दिया. उनका आरोप है कि पुलिस अम्फान प्रभावित इलाकों में नहीं जाने दे रही है. ममता बनर्जी सरकार सिर्फ बीजेपी के नेताओं को ही सियासत की वजह से जाने से रोक रही है.

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दिलीप घोष की गाड़ी को रोकती पुलिस (तस्वीर-ट्विटर) दिलीप घोष की गाड़ी को रोकती पुलिस (तस्वीर-ट्विटर)

इंद्रजीत कुंडू

  • कोलकाता,
  • 23 मई 2020,
  • अपडेटेड 5:16 PM IST

  • अम्फान तूफान ने मचाई पश्चिम बंगाल में तबाही
  • 24 परगना जिले का दौरा करने जा रहे थे दिलीप घोष
  • पुलिस ने रोकी गाड़ी, लॉकडाउन पास न होने का आरोप
  • बाद में मुख्यमंत्री ममता ने दिलीप घोष को दिया जवाब

पश्चिम बंगाल में बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप घोष के आरोपों पर ममता बनर्जी ने कहा कि यह एक चुनौतीपूर्ण स्थिति है, यह राजनीति का समय नहीं है, यह लोगों के लिए काम करने का समय है.

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ममता बनर्जी ने कहा, 'मुझे पता है कि लोगों को बिजली की आपूर्ति के बारे में शिकायत है, हम पूरी कोशिश कर रहे हैं लेकिन यह एक बड़ी आपदा है. बीच में वे कह रहे हैं कि ट्रेनें चलाएंगे! हम इस तरह का प्रबंधन कैसे करेंगे?'

ममता बनर्जी ने कहा, 'हम पहले ही कोरोना वायरस के कारण 600 करोड़ खर्च कर चुके हैं. 2 महीने से कोई राजस्व नहीं मिला है. कोई कमाई नहीं, केवल खर्च हुआ है. उस पर अब हमारे पास एक ऐसी भयावह त्रासदी है. इसलिए हमें इससे निपटने के लिए कुछ समय चाहिए. हर कोई ओवरटाइम काम कर रहा है.'

मुख्यमंत्री ममता ने कहा, 'एक सीमा है जिससे सरकार काम कर सकती है. मैं सभी से अनुरोध करता हूं कि थोड़ा धैर्य रखें. आप उम्मीद नहीं कर सकते कि दुनिया एक दिन में बदल जाएगी. हमने फिलहाल बिजली आपूर्ति के बिना क्षेत्रों में जनरेटर किराए पर लेने का फैसला किया है.'

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दिलीप घोष का दावा-पुलिस ने रोका

इससे पहले बंगाल बीजेपी के अध्यक्ष दिलीप घोष को पुलिस ने 24 परगना जिले में अम्फान प्रभावित इलाकों का दौरा करने से रोक दिया. दिलीप घोष तूफान प्रभावित इलाकों का दौरा करना चाहते थे. पुलिस ने लॉकडाउन पास न होने की वजह से कथित तौर उन्हें रोक दिया.

उन्होंने कहा, 'पुलिस ने मुझे यह कहते हुए यात्रा नहीं करने दी कि मेरे पास लॉकडाउन पास नहीं है. मैं 24 परगना जिले के प्रभावित इलाकों को देखना चाहता था. मुख्यमंत्री और उनके मंत्री कहीं भी यात्रा कर सकते हैं लेकिन बीजेपी के नेता नहीं.'

दिलीप घोष ने कहा, 'वे बीजेपी को हर हाल में रोकना चाहते हैं. लोगों को राहत नहीं मिल रही है. न लोगों तक अच्छा पानी पहुंच रहा है, न ही बिजली मिल रही है. हमें रोका जा रहा है.'

समचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक दिलीप घोष ने कहा कि अगर राज्य सरकार हमें रोकने की कोशिश करेगी तो उसे जवाब दिया जाएगा. दिलीप घोष के साथ जा रहे अन्य कार्यकर्ताओं के साथ पुलिस की झड़प भी हुई. उन्होंने धक्का देकर रास्ता साफ कराने की कोशिश की.

यह तब हुआ है जब शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ममता बनर्जी ने साथ दौरा किया था. पीएम मोदी के लौटने के बाद राज्य में एक बार फिर बीजेपी-तृणमूल कांग्रेस(टीएमसी) के बीच सियासी जंग शुरू हो गई है.

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दिलीप घोष के पास नहीं था लॉकडाउन पास

दिलीप घोष ने पुलिस पर आरोप है लगाया कि उनके काफिले को रोका गया, जब वे बरुईपुर जा रहे थे. कोलकाता से बाहर ही पुलिस ने कहा कि उनके पास जरूरी पास नहीं है, इसलिए लॉकडाउन के बीच उन्हें यात्रा करने की इजाजत नहीं दी जा सकती.

शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तूफान प्रभावित पश्चिम बंगाल के लिए 1 हजार करोड़ के राहत पैकेज की घोषणा की है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ममता बनर्जी के साथ प्रभावित इलाकों का दौरा किया. प्रधानमंत्री मोदी, सीएम की अपील के तत्काल बाद ही ग्राउंड स्तर का जायजा लेने पहुंचे थे. उन्होंने पश्चिम बंगाल का साथ देने का भरोसा भी दिलाया था.

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