उत्तर भारत इन दिनों भीषण ठंड की चपेट में है. दिल्ली, उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, मध्य प्रदेश, बिहार और झारखंड समेत कई राज्यों में तापमान लगातार गिर रहा है. तेज ठंडी हवाओं और शीतलहर के कारण जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है. लोगों को सुबह और रात के समय काफी सर्दी का सामना करना पड़ रहा है. रैन बसेरों में भी बड़ी संख्या में लोग गुजारा कर रहे हैं.
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, अगले 5 से 7 दिनों तक उत्तर पश्चिम, मध्य और उत्तर पूर्वी भारत में सुबह के समय घना से बहुत घना कोहरा छाया रहेगा. इससे सड़क, रेल और हवाई यातायात पर भी असर पड़ सकता है.
विभाग ने हिमाचल प्रदेश, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में अगले 2-3 दिनों तक शीतलहर की संभावना जताई है. इन इलाकों में न्यूनतम तापमान सामान्य से काफी नीचे पहुंच गया है.
बीते 24 घंटों के दौरान, छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में सबसे कम न्यूनतम तापमान 3.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस मौसम का अब तक का सबसे कम तापमान है. पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में 8 से 10 जनवरी के बीच सुबह घना कोहरा छाए रहने की संभावना है, जो विजिबिलिटी कम कर सकता है और दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ा सकता है. 11 से 14 जनवरी के दौरान भी घना कोहरा बना रहेगा.
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इसके अलावा हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, पंजाब, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कई हिस्सों में कोल्ड डे यानी शीत दिवस की स्थिति बनी हुई है. दिन के समय भी ठंडक कम नहीं हो रही है, जिससे लोग घरों में रहने को मजबूर हैं.
मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने, अनावश्यक यात्रा से बचने और ठंड से बचाव के लिए उचित तैयारी करने की सलाह दी है.
बिहार और झारखंड में भी सर्दी का सितम जारी है. आने वाले दिनों में लगभग दो से तीन पारा और गिरने की संभावना जताई गई है. ठंड इतनी कड़ाके की पड़ रही है कि रात के साथ-साथ दिन में भी पारा काफी नीचे रह रहा है.
ठंड के इस मौसम में खुद का और परिवार का विशेष ध्यान रखना महत्वपूर्ण है ताकि इस भीषण ठंड से होने वाली बीमारियों से बचा जा सके.
आशुतोष मिश्रा