तीनों कृषि कानूनों को केंद्र सरकार के द्वारा वापस लिए जाने के बाद अब आंदोलनकारी किसानों की घर वापसी जारी है. गाजीपुर बॉर्डर पर एक तरफ जहां दिल्ली पुलिस बैरिकेड हटा रही है तो वहीं दूसरी तरफ किसान वापसी के रास्ते मे है. जो किसान अभी भी बॉर्डर पर बचे हुए हैं उनका कहना है कि देर शाम तक वो भी गाजीपुर बॉर्डर से वापस लौट जाएंगे.
पिछले 1 साल से गाजीपुर बॉर्डर पर आंदोलन कर रहे किसान अब वापस अपने गांव की तरफ लौट रहे हैं. सरकार द्वारा तीनों कृषि कानून वापस लिए जाने के बाद भी बाकी मुद्दों पर जो गतिरोध था वह पूरा हो जाने के बाद किसान अब अपने घर जा रहे हैं.
गाजीपुर में जो भी किसान बचे हुए हैं उनका कहना है कि उन्हें किसान नेता की तरफ से कहा गया था कि 15 दिसंबर तक सभी लोग अपने घरों को वापस लौट जाएंगे. उनकी बातें को मानते हुए लगभग सभी किसान बॉर्डर से वापस अपने गांव की तरफ लौट चुके हैं.
बता दें कि एनएच 24 यानी की गाजीपुर बॉर्डर 15 दिसंबर तक पूरी तरह खाली हो जाएगा. यूपी गेट पर बने किसान नेताओं के मंच को भी हटा लिया है. पुलिस ने गाजीपुर साइड में लगी बैरिकेडिंग हटाने का काम शुरू कर दिया गया. आंदोलन स्थल पर सड़कों पर गड्ढे हो जाने के बाद उन्हें भी भरने का काम जारी है.
बुधवार को ही किसान नेता राकेश टिकैत भी यूपी गेट पर हवन करने के बाद अपने गांव सिसौली के लिए निकल जाएंगे.
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हिमांशु मिश्रा