सड़क पर उमड़ी लोगों की भारी भीड़ का एक इस वक्त सोशल मीडिया पर काफी वायरल है. तो ये भारी जनसैलाब अखिलेश यादव की रैली में उमड़ा था.
जहां एक तरफ लोग इस वीडियो को शेयर करते हुए से जोड़ रहे हैं, वहीं कुछ अन्य लोग इस वीडियो को बिहार की काराकाट लोकसभा सीट से निर्दलीय उम्मीदवार का बता रहे हैं. ऐसे ही एक पोस्ट का यहां देखा जा सकता है.
आजतक फैक्ट चेक ने पाया कि ये भीड़ किसी नेता की रैली में नहीं, बल्कि ब्राजील में हुए एक मेले में जुटी थी.
कैसे पता लगाई सच्चाई?
वीडियो के कीफ्रेम्स को रिवर्स सर्च करने पर हमें इसके बारे में पुर्तगाली भाषा में छपी एक मिली. 22 अप्रैल 2024 की इस रिपोर्ट में बताया गया है कि ये मंजर ‘Micareta de Feira de Santana’ नाम के एक मेले का है, जो ब्राजील में आयोजित हुआ था. साथ ही, यहां बताया गया है कि ये मेला 17 अप्रैल से 22 अप्रैल तक चला था.
थोड़ा और खोजने पर हमें ये वीडियो 19 अप्रैल 2024 के एक में मिला, जहां इसे ब्राजील के बाहिया राज्य का बताया गया था.
इसके बाद हमें इस मेले के बारे में छपी और भी कई रिपोर्ट्स मिलीं. इनके मुताबिक छह दिन तक चले इस मेले में करीब 20 लाख लोग आए थे. इस साल 1937 से ब्राजील में हो रहा है. ‘Maneca Ferreira’ नाम के एक व्यक्ति ने कुछ युवाओं के साथ मिलकर इस मेले की शुरुआत की थी.
‘Micareta de Feira’ की वेबसाइट पर भी इस मेले की मौजूद हैं जो वायरल वीडियो से पूरी तरह मेल खाती हैं. साथ ही, ‘Micareta de Feira’ के आधिकारिक इंस्टाग्राम पेज ने को 19 अप्रैल 2024 को शेयर किया था.
साफ है, ब्राजील में हुए एक मेले के वीडियो को लोकसभा चुनाव के बीच अलग-अलग नेताओं की रैली का बताकर शेयर किया जा रहा है.
संजना सक्सेना