हाल ही में हिमाचल प्रदेश सरकार नें सरकारी कॉलेजों, सरकारी हाई स्कूल और इंटरमीडिएट स्कूलों में फोन के इस्तेमाल पर पाबंदी लगा दी है.
हालांकि स्टुडेंट्स के लिए ये खबर काफी चौकाने वाली है. लेकिन हिमाचल प्रदेश सरकार ने इस फैसले की वजह ये बताई कि फोन के इस्तेमाल से कॉलेज और स्कूल के एकेडमिक माहौल में बाधा पैदा होती है, जिसके चलते छात्र पढ़ाई के माहौल से भटकते हैं.
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार हाईयर एजुकेशन के डायरेक्टर, ने प्रिंसिपल्स को भेजे हुए एक लेटर में कहा, ‘छात्रों और अध्यापकों को क्लासरूम और कॉलेज कैम्पस में फोन के इस्तेमाल से बाधित किया जाता है. स्कूल या कॉलेज के किसी एक स्थान जैसे कि स्टाफरूम में अध्यापक अपने फोन का इस्तेमाल कर सकते हैं.’ उन्होंने ये भी कहा कि जो इन नियमों का पालन नहीं करेगा उसके खिलाफ सख्त कदम उठाये जाएंगे.
शिमला के एक सरकारी कॉलेज के एक स्टाफ मेंबर ने कहा, ‘सभी अध्यापक और स्टाफ मेंबर कॉलेज और स्कूल कैम्पस में फोन का इस्तेमाल करते हैं जिसके चलते कॉलेज परिसर में डिस्टरबेंस होती है.’
हिमाचल सरकारी कॉलेज अध्यापक संघ के जनरल सेक्रेटरी, डॉक्टर आरएल शर्मा ने सरकार के इस फैसले का खुल कर स्वागत किया है और साथ ही ये भी कहा है, कि सोशल मिडिया ने बच्चों को पढ़ाई से भटका दिया है.
वंदना भारती