कर्नाटक के चिकमगलुरु शहर में देर रात हुई घटनाओं के बाद माहौल तनावपूर्ण हो गया. विजयपुरा इलाके में पथराव और मारपीट की खबरों से पूरे शहर में हलचल मच गई. दोनों समुदायों के लोग बड़ी संख्या में सड़कों पर उतर आए. हालात बिगड़ते देख पुलिस को भारी बल तैनात करना पड़ा. आधी रात तक पुलिस हालात संभालने में जुटी रही. संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है. फिलहाल, हालात नियंत्रण में बताए जा रहे हैं, लेकिन तनाव बना हुआ है.
ऐसे शुरू हुआ विवाद
पुलिस सूत्रों के अनुसार विवाद की शुरुआत विजयपुरा इलाके में कुछ परिवारों के घरों पर पथराव से हुई. जहां सुधा नामक महिला के घर को भी निशाना बनाए जाने का आरोप है. स्थानीय लोगों का दावा है कि पिछले कई दिनों से इस तरह की घटनाएं हो रही थीं. घटना के बाद इलाके में गुस्सा फैल गया. लोगों ने आरोप लगाया कि कुछ युवक जानबूझकर माहौल खराब करने की कोशिश कर रहे थे. इसी बीच दो नाबालिग लड़कों को भागते हुए पकड़ा गया. इसके बाद मामला और भड़क गया.
नाबालिगों की पिटाई
बताया गया कि पकड़े गए दो नाबालिगों अरशद और हुसैन की पिटाई की गई. बाद में उन्हें पुलिस के हवाले कर दिया गया. दोनों को इलाज के लिए जिला सरकारी एमजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है. डॉक्टरों के मुताबिक वे फिलहाल उनका इलाज चल रहा है. इस घटना ने दोनों पक्षों के बीच तनाव और बढ़ा दिया. पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि पथराव और मारपीट की घटनाएं आपस में जुड़ी हैं या नहीं. अस्पताल के बाहर भी देर रात तक भीड़ जमा रही.
तिलक पार्क के पास मारपीट
इसी बीच एक अलग शिकायत के चलते घायल युवक हसन ने पुलिस को बयान दर्ज कराया. हसन ने बताया कि 16 फरवरी 2026 की रात करीब 8:30 बजे वह अपने दोस्त अफराद के साथ विजयपुरा में पानीपुरी खाने गया था. रात करीब 9:30 बजे दोनों तिलक पार्क के पास घर लौट रहे थे. तभी कुछ लड़कों ने उन्हें रोका. आरोप है कि संतोष कोटियन और श्याम सहित अन्य लोगों ने उनसे नाम पूछा. नाम बताते ही उनके साथ मारपीट शुरू कर दी गई.
एफआईआर में क्या कहा गया?
हसन के अनुसार आरोपियों ने पहले हाथों से पीटा और फिर पास के एक हॉस्टल के पास ले जाकर बैट और रॉड से हमला किया. हसन के दाहिने कंधे, गाल और नाक पर चोट आई, जिससे खून बहने लगा. उसके दोस्त अफराद को भी पैरों और हाथों पर बैट और रॉड से मारा गया. हसन ने आरोप लगाया कि उन्हें गंदी गालियां दी गईं और चाकू दिखाकर जान से मारने की धमकी दी गई. शोर मचाने पर पुलिस मौके पर पहुंची. इसके बाद दोनों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया.
अस्पताल में दर्ज हुआ घायल का बयान
17 फरवरी 2026 की रात करीब 1:30 से 2:30 बजे के बीच अस्पताल में भर्ती हसन का बयान दर्ज किया गया. वह चिक्कमगलुरु के सरकारी एमजी अस्पताल के एस वार्ड में बेड नंबर 96 पर भर्ती है. उसके दोस्त अफराद को बेड नंबर 97 पर रखा गया है. हसन ने पुलिस से संतोष कोटियन, श्याम और अन्य के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है. पुलिस ने उसके बयान के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. मेडिकल रिपोर्ट भी जांच का हिस्सा बनाई जा रही है.
बसवनहल्ली थाने में क्रास FIR
पथराव की घटना को लेकर बसवनहल्ली पुलिस स्टेशन में केस और काउंटर केस दर्ज किए गए हैं. घर की मालकिन सुधा ने नाबालिग हुसैन और अफीद के खिलाफ शिकायत दी है. उन्होंने आरोप लगाया कि दोनों पथराव में शामिल थे. वहीं दूसरी ओर नाबालिगों की तरफ से भी शिकायत दर्ज कराई गई है. इसमें बीजेपी युवा नेता संतोष कोटियन और बजरंग दल के नेता श्याम वी. गौड़ा पर हमला करने का आरोप लगाया गया है. पुलिस दोनों शिकायतों की जांच कर रही है.
संतोष कोटियन और श्याम पर संगीन आरोप
पुलिस ने संतोष कोटियन और श्याम वी. गौड़ा के खिलाफ शांति भंग करने, खतरनाक हथियार से हमला करने और नाबालिगों पर हमला करने जैसी धाराओं में मामला दर्ज किया है. इन आरोपों की गंभीरता को देखते हुए पुलिस साक्ष्य जुटा रही है. सीसीटीवी फुटेज की भी जांच की जा रही है. अधिकारियों का कहना है कि दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी. फिलहाल दोनों पक्षों से पूछताछ जारी है.
नाबालिगों पर भी केस दर्ज
दूसरी ओर, घर की मालकिन की शिकायत के आधार पर हुसैन और अफीद पर जातिसूचक टिप्पणी करने और पथराव करने का मामला दर्ज किया गया है. पुलिस का कहना है कि दोनों पक्षों की शिकायतों को समान रूप से जांचा जा रहा है. किसी भी तरह की अफवाह फैलाने वालों पर भी नजर रखी जा रही है. पुलिस ने साफ किया है कि जांच के बाद ही सच्चाई सामने आएगी. तब तक किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी.
थाने और अस्पताल के बाहर भीड़
घटनाओं के बाद आधी रात को बसवनहल्ली पुलिस स्टेशन और अस्पताल के बाहर दोनों समुदायों के सैकड़ों युवक जमा हो गए. हालात इतने तनावपूर्ण हो गए कि पुलिस को अतिरिक्त बल बुलाना पड़ा. कई घंटों तक पुलिस ने लोगों को समझाकर हटाया. कुछ जगह हल्की झड़पें भी हुईं, लेकिन बड़ी घटना टल गई. पुलिस लगातार गश्त कर रही है. संवेदनशील इलाकों में बैरिकेडिंग की गई है.
सीसीटीवी फुटेज की जांच
पुलिस को इलाके से कुछ सीसीटीवी फुटेज भी मिले हैं, जिनमें घटना के दौरान युवक भागते हुए दिखाई दे रहे हैं. इन फुटेज के आधार पर घटनाक्रम को जोड़ा जा रहा है. अधिकारी यह भी जांच रहे हैं कि क्या पथराव और तिलक पार्क की मारपीट की घटना आपस में जुड़ी हैं. दोनों मामलों की कड़ियों को खंगाला जा रहा है. गवाहों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं. जांच पूरी होने के बाद ही आगे की कानूनी कार्रवाई होगी.
फिलहाल हालात नियंत्रण में
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है. शहर के संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किया गया है. किसी भी नई घटना को रोकने के लिए चौकसी बढ़ा दी गई है. प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है. दोनों पक्षों के मामलों की निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया गया है. आगे की कार्रवाई सबूत और गवाहों के आधार पर तय की जाएगी.
सगाय राज