दिल्ली में लोक अदालत में 31 लाख चालान हुए सेटल, वसूला गया 27 करोड़ से ज्यादा फाइन

ट्रैफिक चालान के बहुत से मामलों को लोक अदालत के जरिए सुलझाया जा रहा है. पिछले एक दशक में दिल्ली में लोक अदालत के जरिए 31 लाख से ज्यादा मामलों को निपटाया गया है. इन मामलों में 27 करोड़ से ज्यादा का फाइन वसूला गया है. हालांकि, इसके बाद भी दिल्ली में अभी 4 करोड़ के लगभग चालान पेंडिंग हैं.

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दिल्ली में अभी 4 करोड़ के लगभग चालान के मामले पेंडिंग हैं. (File Photo: ANI) दिल्ली में अभी 4 करोड़ के लगभग चालान के मामले पेंडिंग हैं. (File Photo: ANI)

अशोक उपाध्याय

  • नई दिल्ली,
  • 17 मार्च 2026,
  • अपडेटेड 11:43 AM IST

पिछले 10 सालों में दिल्ली में बड़ी संख्या में चालान को लोक अदालत के जरिए सुलझाया गया है. RTI के जरिए मिली जानकारी के मुताबिक एक दशक में 31 लाख से ज्यादा चालान को दिल्ली में लोक अदालत ने सेटल किया है. इनमें 27 करोड़ से ज्यादा का फाइन कलेक्ट किया गया है. 

ये डेटा ऐसे समय पर सामने आया है, जब जल्द ही लोक अदालत फिर लगने वाली है. 14 मार्च को लगने वाली नेशनल लोक अदालत को प्रशासनिक कारणों से 22 मार्च तक टाल दिया गया है, जहां ट्रैफिक चालानों समेत कई मामलों का निपटारा होना है. 

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इंडिया टुडे को RTI के जरिए मिली जानकारी के मुताबिक, 2016 से 2025 के बीच दिल्ली की लोक अदालतों में कुल 31,39,111 ट्रैफिक चालान को सेलटमेंट किया गया है. इन मामलों में 27.32 करोड़ रुपये का सेटलमेंट अमाउंट वसूला गया है.

हर साल निपटाए जा रहे लाखों मामले

ये दिखाया है कि छोटे ट्रैफिक फाइन्स को कोर्ट के बाहर सुलझाने का ये सिस्टम कितने बड़े पैमाने पर काम कर रहा है. हालांकि, इसके बाद भी ट्रैफिक फाइन के सभी मामलों को अभी सुलझाया नहीं जा सका है. दिल्ली में अभी भी 4 करोड़ के लगभग मामले अटके हुए हैं.

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औसतन दिल्ली पुलिस हर दिन 25 हजार चालान जारी करती है. जबकि सिर्फ 12 हजार से 15 हजार मामले ही इवनिंग कोर्ट और वर्चुअल कोर्ट के जरिए सुलाए जा पाते हैं. डेटा पर नजर डालें तो 2024 में सबसे ज्यादा मामलों को सेटल किया गया है. लोक अदालत के जरिए 6,72,306 चालान निपटाए गए और लगभग 7.87 करोड़ रुपये वसूले गए है.

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करोड़ों रुपये के फाइन की हुई वसूल

इसके बाद 2023 में भी 6.63 लाख चालान सेटल हुए, जिससे 6.25 करोड़ रुपये की वसूली हुई है. 2021 में 3,96,867 चालान के मामलों को निपटाया गया है, जिसमें 2.42 करोड़ रुपये वसूले गए हैं. वहीं 2025 की बात करें, तो लोक अदालत के जरिए 4,81,469 मामलों को निपटाया गया है, जिसमें 6.40 करोड़ रुपये का फाइन वसूला गया है. 

2016 में 5,39,761 चालान को सेटल किया गया है, जिसमें 47.02 करोड़ रुपये का फाइन कलेक्ट किया गया था. वहीं 2017 में 44,999 चालान सेटल हुए हैं और 47.43 लाख का फाइन कलेक्ट हुआ. 2018 में 30,586 चालान को सेटल किया गया और 45.15 लाख का फाइन वसूला गया. 2019 में 47,532 चालान सेटल हुए और 69.56 लाख रुपये का फाइन वसूला गया, जबकि 2020 में 58,798 चालान सेटल हुए और 36.26 लाख रुपये का फाइन कलेक्ट हुआ. 

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कितने रुपये के चालान को माफ किया गया है, इसके संबंध में जानकारी नहीं मिली है. इस सवाल के जवाब में दिल्ली स्टेट लीगल सर्विसेस अथॉरिटी ने बताया है कि चालान माफी के संबंध में उन्होंने कोई डेटा मेंटेन नहीं किया है. लोक अदालत के जरिए चालान जैसे मामलों को तेजी से सुलझाया जाता है.

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