अंगूर से किशमिश और मुनक्का कैसे बनते हैं, दोनों में क्या अंतर है? जान लीजिए

किशमिश और मुनक्का दोनों ही ड्राई फ्रूट्स अंगूर से ही बनते हैं लेकिन इनमें कई महत्वपूर्ण अंतर होते हैं. किशमिश छोटे, बीज रहित अंगूरों से बनती है और इसका रंग हल्का भूरा या सुनहरा होता है जबकि मुनक्का बड़े, काले या लाल अंगूरों से बनती है. आइए जानते हैं किशमिश और मुनक्का में में क्या फर्क है और कैसे बनते हैं.

Advertisement
Grapes Turn into Raisins and Munakka (Photo- ITG) Grapes Turn into Raisins and Munakka (Photo- ITG)

आजतक एग्रीकल्चर डेस्क

  • नई दिल्ली,
  • 10 फरवरी 2026,
  • अपडेटेड 5:25 PM IST

अंगूर एक मीठा और रसीला फल है. जब अंगूर को सुखाया जाता है तो यह किशमिश या मुनक्का बन जाता है. किशमिश और मुनक्का दोनों ही अंगूर से ही बनते हैं, लेकिन इनमें काफी फर्क होता है. ज्यादातर लोग इन्हें एक ही समझ लेते हैं, लेकिन इनकी बनावट, आकार, रंग, स्वाद और उपयोग अलग-अलग है.  आइए जानते हैं अंगूर से किशमिश और मुनक्का कैसे बनते हैं और इनमें क्या फर्क है.

Advertisement

किशमिश (Raisins)
छोटे आकार के अंगूरों को सुखाकर बनाई जाती है. ये ज्यादातर बीज रहित (seedless) होती हैं. किशमिश का रंग हल्का भूरा, सुनहरा या हल्का हरा होता है. इसका स्वाद मीठा और थोड़ा खट्टा होता है. किशमिश ड्राई फ्रूट की तरह खाई जाती हैं. खीर, हलवा आदि में इसका इस्तेमाल किया जाता है.

मुनक्का (Munakka/ Black Raisins)
बड़े और मोटे अंगूरों (खासकर काले या लाल किस्म के) को विशेष तरीके से सुखाकर मुनक्का बनाई जाती है. ये गहरे भूरे या काले रंग की और चबाने में थोड़ी सख्त होती हैं. आयुर्वेद में इसे दवा की तरह इस्तेमाल किया जाता है. जैसे खून बढ़ाने, कब्ज दूर करने में सहायक होती है.

किशमिश और मुनक्का में क्या फर्क है?
आकार और रंग – किशमिश छोटी और हल्के रंग की जबकि मुनक्का बड़ी और गहरे रंग की होती है.
बीज – किशमिश में बीज नहीं होते जबकि मुनक्का में बीज होते हैं.
स्वाद – किशमिश मीठी-खट्टी, मुनक्का ज्यादा मीठी और सख्त होती है.
पोषण – दोनों में आयरन, फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट होते हैं, लेकिन मुनक्का में आयरन ज्यादा होता है.

Advertisement

अंगूर से किशमिश और मुनक्का कैसे बनते हैं?
दोनों का बेसिक प्रोसेस एक ही है लेकिन तरीका थोड़ा अलग होता है. अंगूरों से पानी निकालकर सुखाया जाता है. किशमिश के लिए छोटे, बीज रहित (seedless) अंगूर जैसे थॉम्पसन सीडलेस या हरी/सुनहरी किस्मों का इस्तेमाल किया जाता है. जबकि मुनक्का के लिए बड़े, काले या लाल अंगूर जैसे ब्लैक ग्रेप्स या मोनुक्का किस्म का इस्तेमाल किया जाता है.

सुखाने की तरीका
धूप में सुखाना सबसे आम और पारंपरिक तरीका है. अंगूरों को साफ कपड़े या ट्रे पर फैलाएं. धूप वाली जगह पर 2-4 हफ्ते रखें. गर्मियों में अंगूर तेजी से सूखकर किशमिश और मुनक्का बन जाते हैं. ध्यान रखें कि मुनक्का के लिए अंगूरों को धीरे-धीरे सुखाते हैं ताकि वे ज्यादा मीठे और थोड़े सख्त रहें. मुनक्का के लिए अंगूरों को थोड़ी धूप लगातक छाया में या नियंत्रित तरीके से सुखाया जा सकता है. 

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement