सऊदी किंग ने अब महिलाओं की आजादी पर लिया एक और बड़ा फैसला

सऊदी किंग के इस कदम महिलाओं को स्वतंत्रता देने की दिशा में एक और अहम कदम माना जा रहा है. इससे पहले सऊदी अरब में महिलाओं के गाड़ी चलाने पर प्रतिबंध को हटाया गया था.

Advertisement
किंग सलमान किंग सलमान

जावेद अख़्तर

  • रियाद ,
  • 30 अक्टूबर 2017,
  • अपडेटेड 9:20 PM IST

महिलाओं की आजादी को लेकर सऊदी अरब लगातार अपने नियमों में तब्दीलियां कर रहा है. अब किंग मोहम्मद बिन सलमान के सऊदी अरब की महिलाओं को अगले साल से स्टेडियम में जाकर मैच देखने की अनुमति देने का फैसला किया है. सऊदी समाज के आधुनिकीकरण और अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के मकसद से ये कदम उठाया गया है.  

सऊदी किंग के इस कदम महिलाओं को स्वतंत्रता देने की दिशा में एक और अहम कदम माना जा रहा है. इससे पहले सऊदी अरब में महिलाओं के गाड़ी चलाने पर प्रतिबंध को हटाया गया था.

Advertisement

सऊदी अरब के खेल प्राधिकरण ने कहा कि तीन स्टेडियमों में तैयारी शुरू हो जाएंगी ताकि वे 2018 की शुरुआत से महिलाओं के आने के लिए तैयार रहे. प्राधिकरण ने कहा कि परिवर्तनों के हिस्से के रूप में स्टेडियम के अंदर रेस्तरां, कैफे और मॉनिटर स्क्रीन लगाई जाएंगी.

पिछले महीने ही ये फैसला लिया गया था कि अगले साल जून महीने से से महिलाओं को गाड़ी चलाने की इजाजत होगी. साथ ही सऊदी में एक बार फिर कॉन्सर्ट शुरू हो गए हैं और जल्द ही वहां सिनेमा भी लौटने वाले हैं.

पिछले हफ्ते ही किंग ने कहा  था कि की वापसी देश के आधुनिकीकरण की उनकी योजनाओं का महत्वपूर्ण हिस्सा है. हाल की घोषणाओं के बावजूद, महिलाओं को अभी भी सऊदी में गंभीर प्रतिबंधों का सामना करना पड़ता है.

आज भी सऊदी में महिलाओं को सख्त ड्रेस कोड का पालन करना पड़ता है.

Advertisement

पहली खेल संघ अध्यक्ष

हाल ही में सऊदी में पहली बार किसी महिला को खेल संघ का अध्यक्ष बनाया गया है. राजकुमारी रीमा बिंत बंदर बिन सुल्तान को बहु-खेल संघ का अध्यक्ष बनाया गया है. यह पहली बार है जब देश में कोई महिला खेल संघ की अध्यक्ष बनी है. एक अधिकारी ने नाम नहीं छापने की शर्त पर बताया कि राजकुमारी रीमा पुरुष और महिला खेलों से जुड़े संघ की अध्यक्षता करने वाली पहली महिला हैं. इससे पहले अगस्त 2016 में भी उन्हें मंत्रिमंडल में खेल मंत्रालय के बराबर जगह दी गई थी.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »