मिडिल ईस्ट जंग का आज 10वां दिन है. इससे पहले रविवार को इजरायल और ईरान दोनों तरफ से हमले हुए. ईरान के इस्फहान एयरपोर्ट पर इजरायली सेना ने अटैक किया. इजरायली सेना का दावा है कि इस हमले में ईरान का F-16 विमान तबाह हो गया है. राजधानी तेहरान में भी आज बड़ा हमला हुआ है, जिसमें 20 लोगों की मौत की खबर है. अब तक अमेरिका और इजरायल के हमलों में ईरान में 1332 लोगों की जान जा चुकी है. इस बीच बड़ी खबर ये है कि अमेरिका ईरान के परमाणु भंडार पर कब्जे का विचार कर रहा है.
दूसरी तरफ खाड़ी देशों में ईरान के हमले लगातार जारी है. दुबई, कुवैत, बहरीन में ईरान का हमला हुआ है. इस बीच जॉर्डन ने 100 से ज्यादा हमलों का दावा किया है. युद्ध के बीच अमेरिका ने रूस को चेतावनी देते हुए कहा है कि वो सीक्रेट जानकारी ईरान को ना दे. साथ ही मिसाइल अटैक को लेकर तुर्किए ने भी ईरान को चेतावनी दी है.
राष्ट्रपति रजब तैयब एर्दोआन ने कहा कि तुर्किये हमेशा न्याय और सही पक्ष के साथ खड़ा है. उन्होंने बताया कि क्षेत्र में हालिया संघर्ष को समाप्त करने के लिए तुर्किये लगातार ईमानदार कूटनीतिक प्रयास कर रहा है और उसका मानना है कि सभी समस्याओं का समाधान बातचीत के माध्यम से निकाला जा सकता है. एर्दोआन ने कहा कि तुर्किये किसी भी तरह के हमले को विफल करने की क्षमता रखता है और सुरक्षा को लेकर कोई भी जोखिम नहीं लिया जा रहा है. उन्होंने कहा कि किसी भी संभावित स्थिति से निपटने के लिए पूरी तैयारी की गई है.
तुर्किये के राष्ट्रपति ने यह भी बताया कि आज एक और बैलिस्टिक मिसाइल की घटना सामने आई है. उन्होंने कहा कि ऐसे कदमों से बचना चाहिए, क्योंकि तुर्किये और उसके पड़ोसियों के बीच हजार वर्षों से अच्छे संबंध रहे हैं. उन्होंने कहा कि तुर्किये अपने सहयोगी देशों के साथ मिलकर क्षेत्र में हो रहे घटनाक्रम पर लगातार नजर रख रहा है और देश की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं. एर्दोआन ने बताया कि उत्तरी साइप्रस गणराज्य में एफ-16 लड़ाकू विमान और एयर डिफेंस सिस्टम तैनात किए गए हैं. साथ ही आतंकवादी संगठनों की गतिविधियों पर भी कड़ी निगरानी रखी जा रही है. उन्होंने दोहराया कि आतंक-मुक्त तुर्किये की राह में बाधा डालने वाले किसी भी कदम का सख्ती से विरोध किया जाएगा.
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि उन्होंने ऑस्ट्रेलियाई एंथनी अल्बनीज से ईरान की महिला फुटबॉल टीम के मुद्दे पर बातचीत की है. ट्रंप ने बताया कि ईरानी टीम की खिलाड़ियों से जुड़ी स्थिति को लेकर ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री सक्रिय रूप से काम कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि टीम की पांच खिलाड़ियों की व्यवस्था पहले ही कर दी गई है और बाकी को भी सुरक्षित स्थान पर लाने की प्रक्रिया जारी है. हालांकि, कुछ खिलाड़ी अपने परिवार की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं और इसी वजह से वे वापस लौटने का विचार कर रही हैं. उनके परिवारों को धमकियां मिलने की आशंका भी जताई गई है कि अगर वे वापस नहीं लौटतीं तो उनके परिजनों को नुकसान पहुंचाया जा सकता है. ट्रंप ने कहा कि यह एक संवेदनशील स्थिति है, लेकिन प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज़ इसे संभालने में बहुत अच्छा काम कर रहे हैं.
मार्को रुबियो ने कहा कि मौजूदा सैन्य अभियान का उद्देश्य ईरान की उस क्षमता को पूरी तरह खत्म करना है, जिसके जरिए वह आतंकवादी गतिविधियों को अंजाम देता है. उन्होंने दावा किया कि इस लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में अमेरिका तेजी से आगे बढ़ रहा है. उन्होंने कहा, 'इस मिशन का उद्देश्य उनकी उस क्षमता को नष्ट करना है, जिससे वे इस तरह की कार्रवाइयां जारी रख सकें. हम हर दिन भारी ताकत और अत्यंत सटीक कार्रवाई के साथ अपने लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं.' रुबियो ने यह भी कहा कि जैसे-जैसे यह मिशन आगे बढ़ेगा, दुनिया अधिक सुरक्षित होती जाएगी. उनके बयान से साफ है कि अमेरिका ईरान के खिलाफ अपने अभियान को लेकर कड़ा रुख बनाए हुए है और इसे वैश्विक सुरक्षा के लिए जरूरी कदम बता रहा है.
अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने ईरान को लेकर कड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि मौजूदा सैन्य ऑपरेशन पूरा होने के बाद दुनिया पहले से ज्यादा सुरक्षित और बेहतर जगह बन जाएगी. रुबियो ने ईरान की इस्लामी सरकार को आतंकवादी शासन बताया. उन्होंने आरोप लगाया कि यह शासन राष्ट्र-राज्य की शक्ति का इस्तेमाल करके आतंकवाद को बढ़ावा दे रहा है. उनके अनुसार ईरान मिसाइलों और एक-तरफा हमले करने वाले ड्रोन जैसे हथियारों का उपयोग कर रहा है, जो क्षेत्रीय और वैश्विक सुरक्षा के लिए खतरा बन रहे हैं. उन्होंने कहा, 'यह एक आतंकवादी सरकार है, एक आतंकवादी शासन है. हम उन्हें राष्ट्र-राज्य के संसाधनों का इस्तेमाल करके आतंकवादी गतिविधियां करते हुए देख रहे हैं.'
संयुक्त अरब अमीरात के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि सोमवार को तकनीकी खराबी के कारण हुए हेलिकॉप्टर दुर्घटना में सशस्त्र बलों के दो जवान शहीद हो गए.
कतर के रक्षा मंत्रालय ने एक बयान में बताया कि सोमवार दोपहर तक ईरान की ओर से 17 बैलिस्टिक मिसाइलों और 6 ड्रोन से हमला किया गया. कतर की सशस्त्र सेनाओं ने बिना किसी हताहत के सभी ईरानी बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन को सफलतापूर्वक हवा में ही नष्ट कर दिया.
कुवैत ने इराक को बताया है कि उस पर हुए कुछ हमले इराकी क्षेत्र से हुए थे. कतर ने इस संबंध बगदाद से कार्रवाई करने का आग्रह किया है. इराकी विदेश मंत्रालय ने यह जानकारी दी है.
संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने बताया कि 9 मार्च 2026 को उसके एयर डिफेंस सिस्टम ने ईरान की ओर से दागी गई कई मिसाइलों और ड्रोन को ट्रैक किया. यूएई के अनुसार, आज कुल 15 बैलिस्टिक मिसाइलें डिटेक्ट हुईं, जिनमें से 12 को एयर डिफेंस ने नष्ट कर दिया, जबकि 3 मिसाइलें समुद्र में गिर गईं. इसके अलावा 18 ड्रोन का भी पता चला, जिनमें से 17 को इंटरसेप्ट कर गिरा दिया गया, जबकि एक ड्रोन देश के भीतर गिरा. यूएई का कहना है कि ईरान की ओर से शुरू हुई आक्रामक कार्रवाई के बाद से अब तक कुल 253 बैलिस्टिक मिसाइलें डिटेक्ट हुई हैं. इनमें से 233 मिसाइलों को नष्ट कर दिया गया, जबकि 18 समुद्र में गिर गईं और 2 मिसाइलें देश की जमीन पर गिरीं. ड्रोन हमलों के मामले में भी बड़ी संख्या सामने आई है. यूएई के मुताबिक अब तक 1,440 ईरानी ड्रोन का पता लगाया गया, जिनमें से 1,359 को एयर डिफेंस ने इंटरसेप्ट कर नष्ट कर दिया. वहीं 81 ड्रोन देश के भीतर गिर गए. इसके अलावा 8 क्रूज मिसाइलों का भी पता लगाया गया, जिन्हें समय रहते नष्ट कर दिया गया. यूएई अधिकारियों के अनुसार इन हमलों के कारण अब तक चार लोगों की मौत हो चुकी है.
ईरानी ड्रोन हमले के बाद कतर अपनी एलएनजी (Liquefied Natural Gas) उत्पादन विस्तार योजना को 2027 तक आगे बढ़ाने पर विचार कर रहा है. यह जानकारी Bloomberg की रिपोर्ट में सामने आई है. दूसरी ओर ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने कहा है कि यह संघर्ष जितना लंबा चलेगा, वैश्विक अर्थव्यवस्था पर उसका असर पड़ने की संभावना उतनी ही बढ़ेगी. उन्होंने बताया कि ब्रिटेन अपने अंतरराष्ट्रीय साझेदारों के साथ इस संकट के आर्थिक प्रभाव को कम करने के उपायों पर बातचीत कर रहा है. स्टार्मर ने कहा कि उनकी सरकार स्थिति पर लगातार नजर रख रही है और संभावित जोखिमों का आकलन किया जा रहा है.
मिडिल ईस्ट में तनावपूर्ण स्थिति के बीच अबू धाबी के BAPS हिंदू मंदिर को अगले आदेश तक आगंतुकों के लिए बंद कर दिया गया है. मंदिर प्रशासन ने सुरक्षा कारणों से यह फैसला लिया है.
सऊदी अरब ने मिडिल ईस्ट के अपने पड़ोसी देशों पर ईरान के मिसाइल और ड्रोन हमलों की कड़ी निंदा की है और ऐसे हमलों के खिलाफ चेतावनी भी दी है. सऊदी अरब ने कहा कि क्षेत्र में बढ़ता सैन्य तनाव पूरे मध्य पूर्व की स्थिरता के लिए गंभीर खतरा बन सकता है.
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ईरान की ओर से इजरायल को निशाना बनाकर दागी गई मिसाइलों के बाद मध्य इजरायल में एक व्यक्ति की मौत हो गई है. इजरायली एम्बुलेंस सेवा ने इसकी पुष्टि की है.
मिडिल-ईस्ट संकट को देखते हुए जापानी सरकार ने अपने नागरिकों की सुरक्षा के लिए कड़े कदम उठाए हैं. मुख्य कैबिनेट सचिव किहारा के मुताबिक, सरकार रियाद और दुबई से स्पेशल चार्टर प्लेन के जरिए जापानी नागरिकों को वापस लाएगी. इसके अलावा, मालदीव में आत्म-रक्षा बल (SDF) के विमानों को स्टैंडबाय पर रखा गया है ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके. विदेश मंत्रालय और राजनयिक मिशन लगातार वहां फंसे निवासियों और यात्रियों के संपर्क में हैं.
इजरायली रक्षा बल (IDF) ने बेरूत के दहिया इलाके में आतंकी संगठन हिजबुल्लाह के ठिकानों पर एक बार फिर हमला कर दिया है. ये हमले हिजबुल्लाह के बुनियादी ढांचे को निशाना बनाकर किए जा रहे हैं.
अबू धाबी के अधिकारियों ने ड्रोन अटैक के बाद दो अलग-अलग स्थानों पर मलबा गिरने की घटनाओं की पुष्टि की है. पहली घटना में एक जॉर्डन के नागरिक को मामूली चोट आई है, जबकि दूसरी घटना में एक मिस्र का नागरिक थोड़ा घायल हुआ है. फिलहाल दोनों का इलाज किया जा रहा है.
चीन ने ईरान के नए सुप्रीम लीडर को निशाना बनाए जाने की धमकियों पर आपत्ति जाहिर की है. चीनी विदेश मंत्रालय के मुताबिक, खामेनेई की मौत के बाद उनके बेटे मोजतबा खामेनेई को सुप्रीम लीडर चुनना ईरान का 'आंतरिक मामला' है. ऐसे में किसी भी देश को ईरान के फैसले में हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए.
ओमान के मस्कट इंटरनेशनल एयरपोर्ट ने प्राइवेट जेट ऑपरेटरों से एडिशनल फ्लाइट्स के लिए इस एयरपोर्ट का इस्तेमाल करने से मना किया है. एयरपोर्ट अधिकारियों ने सरकारी और कमर्शियल फ्लाइट्स को प्राथमिकता देने का फैसला किया है. ओमान ने एयरस्पेस बंद होने के कारण ये फैसला लिया है.
तुर्की उत्तरी साइप्रस में अपने 6 F-16 लड़ाकू विमानों को तैनात करने की योजना बना रहा है. इस कदम को क्षेत्रीय सुरक्षा और सैन्य शक्ति के प्रदर्शन के तौर पर देखा जा रहा है.
बहरीन के मामीर स्थित एक केंद्र पर ईरानी हमले के बाद भीषण आग लग गई. इस हमले में संपत्ति को काफी नुकसान पहुंचा है, लेकिन राहत की बात ये है कि किसी के हताहत होने की खबर नहीं है.
बांग्लादेश सरकार ने ऊर्जा संकट और वैश्विक मंदी को देखते हुए देशभर के सभी सरकारी और निजी विश्वविद्यालयों को 9 मार्च से बंद करने का आदेश दिया है. बिजली और ऊर्जा की बचत के लिए उठाए गए इस कदम के तहत, छुट्टियों को ईद-उल-फितर के एकेडेमिक कैलेंडर के साथ जोड़ दिया गया है. शिक्षा मंत्रालय की तरफ से जारी इस आदेश में ऊर्जा संरक्षण के लिए विशेष निर्देश भी दिए गए हैं, ताकि राष्ट्रीय स्तर पर बिजली की खपत को कम किया जा सके.
सऊदी अरब की सरकारी तेल कंपनी अरामको ने Tenders के जरिए कच्चे तेल की तत्काल आपूर्ति की पेशकश की है. आम तौर पर अरामको लंबे वक्त के समझौतों के आधार पर तेल बेचती है, लेकिन इस तरह की 'स्पॉट टेंडर' प्रक्रिया का इस्तेमाल बहुत कम किया जाता है.
बहरीन के सित्रा में स्थित 'बापको' तेल रिफाइनरी के चारों ओर धुएं का गुबार देखा गया है. चश्मदीदों के मुताबिक, ये धुआं उस समय उठा जब सरकार ने पहले ही पुष्टि कर दी थी कि ईरानी ड्रोन हमले के कारण इस क्षेत्र में लोग घायल हुए हैं और संपत्ति को काफी नुकसान पहुंचा है.
सऊदी अरब में शयबाह तेल क्षेत्र की ओर बढ़ रहे एक ड्रोन को रास्ते में ही रोककर तबाह कर दिया गया है. सऊदी सुरक्षा बलों ने मुस्तैदी दिखाते हुए इस हमले को नाकाम कर दिया, जिससे तेल क्षेत्र को होने वाले संभावित नुकसान को टाल दिया गया है. सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता ने ये जानकारी दी है.
ईरान के साथ युद्ध के बीच इजरायल ने रविवार को तेल अवीव के बेन गुरियन अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से अपनी उड़ानों को आंशिक रूप से फिर से शुरू कर दिया है. फिलहाल सिर्फ कुछ ही यात्री टिकट हासिल कर वहां से रवाना हो पा रहे हैं और सिर्फ इजरायली एयरलाइंस ही इन सेवाओं का संचालन कर रही हैं. विदेशी विमानन कंपनियों ने अभी तक अपनी उड़ान सेवाएं फिर से शुरू नहीं की हैं.
ईरानी हमलों के बीच सऊदी अरब ने अपने तेवर सख्त कर लिए हैं. सऊदी अरब ने ईरान को कड़ी चेतावनी दी है और जवाबी कार्रवाई का संकेत देते हुए उसके नतीजों से आगाह किया है. सऊदी अरब ने कहा कि अगर उसने अरब देशों पर हमले जारी रखे, तो वह इसमें 'सबसे बड़ा हारने वाला' साबित होगा.
इजरायल के हाइफा शहर में इजरायली इंटरसेप्टर्स एक ईरानी मिसाइल का पीछा करते देखे गए. ऐसे में सोमवार की सुबह शहर में सायरन की आवाजें गूंज उठीं. ईरान में अयातुल्ला अली खामेनेई के बेटे मुजतबा को नया सुप्रीम लीडर चुने जाने के बाद हमलों का ये ताजा सिलसिला शुरू हुआ है. ईरान के बढ़ते युद्ध का असर कच्चे तेल के व्यापार पर भी पड़ा है, जिससे कीमतें बढ़ गई हैं और एशियाई बाजारों में गिरावट आई है. महंगाई बढ़ने की आशंका के बीच डॉलर की कीमत यूरो और येन के मुकाबले काफी बढ़ गई है.
कतर के प्रधानमंत्री शेख मोहम्मद बिन अब्दुलरहमान अल थानी ने ईरान पर धोखा देने का आरोप लगाया है. स्काई न्यूज को दिए एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि ईरान की तरफ से खाड़ी देशों पर किए गए हमले दोहा के साथ धोखा हैं. कतर के पीएम ने हमलों के लिए तेहरान के तर्कों को बहाना बताते हुए पूरी तरह खारिज कर दिया. उन्होंने कहा कि ये हमला पहले से प्लान किया गया था. क्योंकि युद्ध शुरू होने के तुरंत बाद ही कतर और दूसरे खाड़ी देशों को निशाना बनाया गया. उन्होंने युद्ध में शामिल सभी पक्षों से तनाव कम करने की अपील की है.
अयातुल्ला खामेनेई की मौत के बाद उनके बेटे मोजतबा खामेनेई को ईरान का सुप्रीम लीडर चुना गया है. इस मौके पर ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने मोजतबा खामेनेई को बधाई दी है. उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा, 'इस्लामी क्रांति के तीसरे सर्वोच्च नेता के रूप में महामहिम अयातुल्ला सैयद मुजतबा हुसैनी खामेनेई के चुने जाने पर हार्दिक बधाई, जो कद्र की पहली मुबारक रात के मौके पर हुआ है. हम वादा करते हैं कि महान ईरानी राष्ट्र के अधिकारों की रक्षा, राष्ट्रीय हितों और सुरक्षा की उन्नति, और इस्लामी क्रांति के उच्च लक्ष्यों को हासिल करने में हम एक पल के लिए भी नहीं भटकेंगे.'
अमेरिकी विदेश विभाग ने सऊदी अरब में तैनात अपने गैर-आपातकालीन सरकारी कर्मचारियों और उनके परिवार को देश छोड़ने का आदेश दिया है. विभाग ने यह कदम क्षेत्र में बढ़ती असुरक्षा और संभावित खतरों को देखते हुए उठाया है, ताकि वहां मौजूद अमेरिकी नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके.
गाजा में इजरायली एयरस्ट्राइक और टैंकों की गोलाबारी की दो अलग-अलग घटनाओं में 6 फिलिस्तीनी मारे गए हैं. इनमें दो लड़कियां भी शामिल हैं. इजरायल और अमेरिका के ईरान के खिलाफ युद्ध छेड़ने के एक हफ्ते बाद से गाजा में ये अब तक की सबसे घातक घटनाए मानी जा रही हैं.
ईरानी हमलों के बीच मध्य इजरायल में एक मिसाइल गिरने वाली जगह पर को तैनात किया गया है. इस हमले के दौरान मलबे की चपेट में आने से एक महिला घायल हो गई, जिसे इजरायली एम्बुलेंस सेवा के मुताबिक, मौके पर ही फर्स्ट देने के बाद महिला को अस्पताल पहुंचाया गया.
मोजतबा को नए सुप्रीम लीडर चुने जाने पर ईरान के राष्ट्रपति पेजेशकियान का बयान आया. उन्होंने कहा कि यह कीमती चुनाव ईरान की राष्ट्रीय एकता को मजबूत करने की इच्छा का सबूत है.
UAE के फुजियाराह ऑयल इंडस्ट्री जोन में मलबा गिरने से आग लग गई. स्थानीय मीडिया के मुताबिक, फिलहाल किसी के घायल होने की खबर नहीं है. दूसरी तरफ सऊदी में शायबा ऑयलफील्ड की तरफ जा रहे ड्रोन को तबाह किया गया है. बहरीन में भी ड्रोन हमले हुए. इसमें आम लोगों के घायल होने और घरों को नुकसान पहुंचने की खबर है.
ईरान युद्ध की वजह से प्रोडक्शन और शिपिंग में रुकावट हो रही है. इससे कच्चे तेल की कीमतें $100 प्रति बैरल से ज़्यादा हो गईं.
UAE के राष्ट्रपति और ट्रंप ने फोन पर ईरानी हमलों पर चर्चा की. बता दें कि ईरान की तरफ से लगातार खाड़ी देशों को निशाना बनाया जा रहा है. ऐसा वह अमेरिका से बदला लेने के लिए कर रहा है. ईरान का दावा है कि खाड़ी के कुछ देश अमेरिका की मदद कर रहे हैं. बता दें कि इन देशों में अमेरिकी सेन्य बेस भी हैं, ईरान का दावा है कि वह उनको ही निशाना बना रहा है.
ईरानी राष्ट्रपति पेजेशकियान ने अजरबैजान के राष्ट्रपति अलीयेव को फोन किया. उन्होंने कहा कि पिछले हफ्ते हुए ड्रोन अटैक के लिए ईरान जिम्मेदार नहीं है, साथ ही उन्होंने जांच का वादा किया.
ईरान के विदेश मंत्री अराघची का कहना है कि ईरान और रूस के बीच मिलिट्री सहयोग 'कोई नई बात नहीं है.' दरअसल, U.S. इंटेलिजेंस अधिकारियों का मानना है कि रूस ने मिडिल ईस्ट में यूएस सैनिकों और एसेट्स को टारगेट करने के लिए ईरान को जानकारी दी है. इसपर अराघची का कहना है कि 'ईरान और रूस के बीच मिलिट्री सहयोग कोई नई बात नहीं है.'
रविवार को मिडिल ईस्ट में ईरानी सरकार के शुरुआती हमलों में लगी चोटों की वजह से एक U.S. सर्विस मेंबर की मौत हो गई. सर्विस मेंबर 1 मार्च को सऊदी अरब में U.S. सैनिकों पर हुए हमले की जगह पर गंभीर रूप से घायल हो गया था. ऑपरेशन एपिक फ्यूरी के दौरान एक्शन में मारे गए यह सातवें सैनिक हैं.
ईरान के पार्लियामेंट स्पीकर कालिबाफ ने अमेरिका को सीधी धमकी दी. उन्होंने कहा कि अगर वे ईरान के इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमला करते हैं, तो हम बिना देर किए उनके इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमला करेंगे. कालिबाफ का मतलब साफ है, कि आने वाले दिनों में खाड़ी देशों पर ईरानी हमले बंद नहीं होने वाले.
28 फरवरी को ईरान पर इजरायल और अमेरिका के शुरुआती हमलों के बाद पहली बार तेल अवीव का बेन गुरियन एयरपोर्ट बाहर जाने वाली उड़ानों के लिए थोड़ा फिर से खोल दिया गया.
खामेनेई के बेटे मोजतबा खामेनेई को ईरान का नया सुप्रीम लीडर बनाया जा सकता है. नए नेता को चुनने के लिए जिम्मेदार परिषद के एक सदस्य ने कहा 'खामेनेई का नाम जारी रहेगा.' इसके बाद इसका अनुमान लगाया जा रहा है.
युद्ध के 9वें दिन ईरान ने बड़ी चेतावनी भी दी. इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर्प्स यानी IRGC के प्रवक्ता ने दावा किया है कि ईरान की सेना अमेरिका और इजरायल के खिलाफ छह महीने युद्ध लड़ने के लिए पूरी तरह तैयार है.