यूपी के गाजीपुर जिले में एक सवारी बस में आग लगने से 5 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई. करीब दर्जन भर लोग झुलसने से बुरी तरह घायल हो गए. इसमें बच्चे और महिलाएं भी शामिल हैं. हादसे के बाद की जो तस्वीरें सामने आई हैं, उन्हें देखकर हर कोई सिहर उठा. सीएम योगी समेत तमाम बड़े नेताओं ने इस भीषण हादसे पर दुख जताया है. फिलहाल, जांच के आदेश दे दिए गए हैं. मृतकों के परिजनों को 5-5 लाख और घायलों को 50-50 हजार रुपये मुआवजे का ऐलान किया गया है. घायलों का उपचार निशुल्क किया जाएगा.
घटनास्थल पर मौजूद लोगों ने 'आज तक' को बताया कि मिनी बस में करीब 30 लोग सवार थे. ये लोग मऊ से बारात लेकर मरदह क्षेत्र के महाहर धाम जा रहे थे. यहां एक मंदिर में वर और वधू पक्ष ने शादी का आयोजन किया था. लेकिन इससे पहले बस में हाईटेंशन तार के छू जाने से आग लग गई. देखते ही देखते सवारियों से भरी बस आग का गोला बन गई.
इस जलती बस के अंदर दर्जनों यात्री (बाराती) फंस गए. मौके पर चीख-पुकार मच गई. जब तक राहत-बचाव कार्य शुरू किया जाता कई लोग झुलस गए. बस में करंट दौड़ने से शुरू में कोई मदद के लिए आगे नहीं बढ़ सका.
हादसे में अबतक 5 लोगों की मौत
कुछ देर बाद अधिकारियों से पता चला कि हादसे में 5 लोगों की मौत हो गई है और आधा दर्जन से अधिक लोग घायल हुए हैं, जिनमें बच्चे भी शामिल हैं. स्थानीय लोगों की मदद से पुलिस-प्रशासन ने घायलों को नजदीकी अस्पताल में भर्ती करवा दिया है. जहां पर उनका इलाज चल रहा है. वहीं, मृतकों के शवों को पुलिस अपने कब्जे में लेकर आगे की कार्यवाही कर रही है. मौके पर भारी फोर्स तैनात है.
कैसे हुआ ये हादसा?
प्रत्यक्षदर्शियों की माने तो जिस रूट से बस को महाहर धाम जाना वहां पर पुलिस ने रोक लगा दी थी. ताकि ज्यादा भीड़ ना हो. इसलिए बस चालक कच्चे रास्ते से शॉर्टकट महाहर धाम जा रहा था. लेकिन उस रास्ते पर सड़क क्रॉस करते हुए 11 हजार वोल्ट का हाईटेंशन तार लगा हुआ था.
बताया जा रहा है कि तार ढीला था और हवा में झूल रहा था. ऐसे में जब बस उसके पास से गुजरी तो तार बस में छू गया. जैसे ही बस में तार छुआ गाड़ी में करंट दौड़ने लगा. पल भर में बस में आग लग गई. आग इतनी तेज लगी कि यात्रियों को भागने का मौका नहीं मिला. बस धू-धू कर जलने लगी और उसमें सवार यात्री चीखने-चिल्लाने लगे.
बस को आग की लपटों से घिरा देख स्थानीय लोग दौड़ पड़े. लेकिन करंट और आग के चलते शुरू में कोई बस के नजदीक जाने की हिम्मत नहीं कर सका. फौरन पुलिस को इसकी सूचना दी गई. फायर ब्रिगेड के आने से पहले ग्रामीण खुद से ही आग बुझाने में जुट गए. करीब घंटे भर बाद आग पर काबू पाया गया. मगर तब तक 5 लोगों की जान चली गई और 7 से 8 लोग बुरी तरह झुलस गए.
सीएम योगी ने दुख जताया
हादसे को लेकर सीएम योगी आदित्यनाथ ने दुख जताया है. उन्होंने मृतकों के परिजनों को पांच-पांच लाख और गंभीर रूप से घायलों को 50-50 हजार की आर्थिक सहायता और उनके मुफ्त उपचार के निर्देश दिए हैं. सीएम योगी ने एक्स पर लिखा- "गाजीपुर में एक दुर्घटना में हुई जनहानि अत्यंत दु:खद एवं हृदय विदारक है. मेरी संवेदनाएं शोक संतप्त परिजनों के साथ हैं. ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को अपने श्री चरणों में स्थान व घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्रदान करें."
बस में सवार महिला ने बताई दिल दहलाने वाली कहानी
पीड़ित मीरा ने रोते हुए बताया कि बस में करीब 40 लोग सवार थे और उनमें से काफी लोगों की मौत हो गई है. बकौल मीरा- "वह बारात लेकर गाजीपुर के महारे जा रहे थे. रास्ते में जाते समय बस में अचानक आ लग गई. मैं बस में आगे की तरफ बैठी थी. झटके में बाहर गिर गई. मेरे बच्चे भी उसी बस में थे जो आग की चपेट में आ गए."
इस हादसे के बाद वर और वधू पक्ष समेत पूरे गांव में मातम पसर गया है. लड़की वाले बारात लेकर मऊ के रानीपुर थाना क्षेत्र से गाजीपुर आए थे. यहां के एक मंदिर में शादी होनी थी. लेकिन रास्ते में बस हादसे का शिकार हो गई. फिलहाल, जेसीबी की मदद से रास्ते से जली हुई बस को हटा दिया गया है.
चश्मदीदों ने क्या बताया?
चश्मदीदों ने बताया कि मंदिर पर भीड़ की वजह से ड्राइवर मंदिर के पीछे वाले कच्चे रास्ते से बस ले जा रहा था और यहां जर्जर तार पहले से लटके हुए थे, जिससे ये हादसा हो गया. वहीं, एसपी गाजीपुर ओमवीर सिंह ने 5 लोगों के मौत की पुष्टि की है और 6 से 7 घायलों के अस्पताल भेजे जाने की बात कही है.
दुर्गा किंकर सिंह / विनय कुमार सिंह