एंड्रयू विंडसर की एक्स लेडी विक्टोरिया हर्वी ने दावा किया है कि जेफरी एपस्टीन अभी भी जीवित है. उनके मुताबिक, इस बदनाम फाइनेंसर ने जेल से भागने और दूसरे देश में शरण लेने के लिए एक बड़ी प्लानिंग की थी और इसी सीक्रेट तरीके से अंजाम भई दिया गया.
डेली स्टार की रिपोर्ट के मुताबिक, लेडी विक्टोरिया हर्वी का दावा है कि एपस्टीन को 'ट्रिप वैन' के ज़रिए कहीं और ले जाया गया होगा और वह अभी भी ज़िंदा हो सकता है. एलबीसी के टॉम स्वार्ब्रिक से बातचीत के दौरान, विक्टोरिया ने यह चौंकाने वाला खुलासा किया है.लेडी हार्वी ने कहा कि सच कहूं तो मुझे अब यह भी नहीं लगता कि जेफरी एपस्टीन मर चुका है.
जब उनके इस चौंकाने वाले दावे पर सवाल उठाया गया, तो उन्होंने कहा कि वह इस आधिकारिक कहानी पर विश्वास नहीं करतीं कि उन्होंने आत्महत्या की थी, बल्कि उनका मानना है कि वह इजरायल भाग गए थे. ऐसा एक्सप्रेस की रिपोर्ट में बताया गया है. 2019 में एपस्टीन की मौत और उसके बाद की रहस्यमय घटनाओं ने ऑनलाइन षड्यंत्रकारी सिद्धांतों को जन्म दिया.
जेल अधिकारियों ने दावा किया कि उन्होंने एपस्टीन को न्यूयॉर्क शहर के मेट्रोपॉलिटन करेक्शनल सेंटर में सुबह 6:30 बजे उसकी सेल में मृत पाया था, जहां वह यौन तस्करी के आरोपों पर मुकदमे की सुनवाई का इंतजार करते हुए अपने बिस्तर के किनारे से लटका हुआ था.
एक जेल गार्ड ने किया था शव अदला-बदली का दावा
एपस्टीन की मौत के लगभग तुरंत ही, मामले को दबाने की अफवाहों फैल गई. अटॉर्नी जनरल विलियम बार ने एपस्टीन की मौत को गलतियों की एक भयानक श्रृंखला करार दिया था, जिसके परिणामस्वरूप कई वरिष्ठ जेल अधिकारियों को पद से हटा दिया गया था. एपस्टीन की मौत की खबर सार्वजनिक होने के बाद खुद को जेल अधिकारी बताने वाले एक व्यक्ति ने दावा किया कि शवों की अदला-बदली कर दी गई थी और एपस्टीन को एक 'ट्रिप वैन' में ले जाया गया था.
पिछले छह वर्षों से यह सिद्धांत अनसुना बना रहा, लेकिन एपस्टीन से संबंधित फाइलों के जारी होने से यह बात पुष्ट हो गई कि दावा करने वाला व्यक्ति वास्तव में एक गार्ड ही था. लेडी हर्वी ने एक खास ईमेल के बारे में बताते हुए कहा कि मुझे लगता है, मैंने उन ईमेल में से एक देखा था, जो फाइलों में शामिल हो गया था, और मुझे लगता है कि जेल गार्ड का इंटरव्यू लिया जाना चाहिए. वही गार्ड जिसने कहा था कि उसने शवों को बदलते हुए देखा था.
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इसके बाद उन्होंने इस बात पर फिर से जोर दिया कि एपस्टीन इजरायल में छिपा हो सकता है. लेडी हर्वी का नाम एपस्टीन फाइलों में 23 बार आया है, जिस पर वह गर्व महसूस करती हैं. उनके मुताबिक, इन फाइलों में नाम शामिल न होने वाले किसी भी व्यक्ति को वह हारा हुआ करार देती हैं.लेडी हर्वी ने आगे कहा कि वह हर उस व्यक्ति को जानता था जो बहुत प्रभावशाली था. इसलिए, अगर आप प्रभावशाली थे और अगर आपका नाम उन फाइलों में नहीं है, तो यह एक अपमान की बात होगी क्योंकि इसका मतलब यही होगा कि आप एक तरह से असफल व्यक्ति थे.
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