पहाड़ों की गोद में या घने जंगलों के बीच कैंपिंग करना जितना रोमांचक लगता है, उतनी ही जरूरी इसकी तैयारी भी है. अक्सर लोग उत्साह में कहीं भी टेंट तान देते हैं, लेकिन हकीकत यह है कि टेंट कहां लगाना है और उसे कैसे चुनना है, यही आपकी सुरक्षा और सुकून भरी नींद तय करता है. अगर जगह का चुनाव गलत हो, तो एक छोटी सी लापरवाही आपकी पूरी ट्रिप का मजा खराब कर सकती है. इतना ही नहीं, सही लोकेशन न होने पर जंगली जानवरों या मौसम की मार झेलने का खतरा भी बना रहता है. अगर आप भी अपनी अगली ट्रिप पर कैंपिंग का प्लान बना रहे हैं, तो इन 5 बातों का खास ख्याल रखें.
1. समतल जमीन का करें चुनाव
टेंट लगाने के लिए सबसे पहले यह देखें कि जमीन कहां से पूरी तरह समतल है. अगर आप ढलान पर टेंट लगाएंगे, तो रात भर लुढ़कते रहेंगे और नींद पूरी नहीं होगी. टेंट सेट करने से पहले वहां से पत्थर, नुकीली टहनियां और कचरा साफ कर लें ताकि टेंट का तला (base) फटने से बच जाए. यहां तक कि अगर आपको घास वाली जगह मिल जाए तो वह सबसे बेहतर हैं, क्योंकि यह प्राकृतिक रूप से नरम होती है और सोने में आरामदायक महसूस होती है.
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2. ऊंचाई पर डेरा डालना है समझदारी
कैंपिंग के दौरान हमेशा थोड़ी ऊंचाई वाले स्थान को प्राथमिकता दें. कभी भी घाटी या किसी गहरे गड्ढे में टेंट न लगाएं, क्योंकि भारी बारिश होने पर ऐसी जगहों पर पानी बहुत जल्दी जमा हो जाता है, जिससे बाढ़ जैसा खतरा पैदा हो सकता है. इतना ही नहीं, पानी के स्रोतों जैसे नदी या झील के बिल्कुल किनारे टेंट लगाने से बचें. सुरक्षा के लिहाज से पानी से कम से कम 200 फीट की दूरी बनाए रखना सबसे सुरक्षित तरीका माना जाता है.
3. कुदरती सुरक्षा का भी रखें ध्यान
तेज हवाएं अक्सर कैंपिंग का मजा किरकिरा कर देती हैं, इसलिए टेंट को पहाड़ियों, चट्टानों या झाड़ियों के पीछे लगाएं जो एक ढाल की तरह काम करें. लेकिन यहां एक सावधानी बरतना बहुत जरूरी है. कभी भी बहुत पुराने या सूखे पेड़ों के ठीक नीचे टेंट न लगाएं. इतना ही नहीं, तेज हवा चलने पर सूखे पेड़ों की टहनियां टूटकर गिर सकती हैं, जो जानलेवा साबित हो सकता है. प्राकृतिक सुरक्षा ऐसी हो जो आपको हवा से बचाए, न कि आप पर खतरा पैदा करे.
4. धूप और छांव का सही संतुलन
सुबह की पहली किरण आपके टेंट पर पड़े, इसका इंतजाम पहले ही कर लें. टेंट को ऐसे स्थान पर रखें जहां सुबह की धूप मिले, ताकि रात भर में जमा हुई ओस जल्दी सूख जाए. कोशिश करें कि टेंट का दरवाजा पूर्व दिशा की ओर हो. इतना ही नहीं, यह भी सुनिश्चित करें कि दोपहर के समय वहां पर्याप्त छाया रहे, ताकि सूरज की तपिश से टेंट के अंदर का तापमान बहुत ज्यादा न बढ़े. यह छोटा सा संतुलन आपके स्टे को आरामदायक बना देगा.
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5. रास्तों और जानवरों से बनाए रखें सुरक्षित दूरी
अक्सर लोग मुख्य पगडंडी या रास्ते के बिल्कुल किनारे टेंट लगा लेते हैं, जिससे यात्रियों की आवाजाही से प्राइवेसी खत्म हो जाती है. कोशिश करें कि रास्ते से थोड़ी दूरी पर अपना कैंप लगाएं. यहां तक कि आपको जानवरों के चलने वाले रास्तों की पहचान होनी चाहिए और वहां टेंट बिल्कुल नहीं लगाना चाहिए. जंगली जानवरों के रास्तों से दूर रहना ही कैंपिंग का सबसे बड़ा सुरक्षा मंत्र है.
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