फेसबुक पर की गई एक पोस्ट बीएसपी प्रत्याशी को इतनी महंगी पड़ेगी कि उसका टिकट ही छीन लिया जाएगा ऐसा उसने कभी सोचा भी न होगा. उत्तर प्रदेश की पूर्व सीएम मायावती ने एक प्रत्याशी संगीता चौधरी के फेसबुक पोस्ट से खफा होकर उनका टिकट काट दिया. उन्होंने मायावती के पैर छूते हुए अपनी तस्वीर पोस्ट की थी.
2017 में होने वाले उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए अतरौली विधानसभा सीट से पार्टी की घोषित उम्मीदवार संगीता चौधरी की तरफ से सोशल मीडिया पर ये तस्वीर जारी किए जाने के बाद की काफी आलोचना की जा रही थी. जिसके चलते पार्टी नेतृत्व नाराज हो गया.
दिखाना चाहती थी कि बहनजी का हाथ मेरे ऊपर है
इस बीच, संगीता चौधरी ने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि उन्होंने कभी सोचा ही नहीं था कि एक फेसबुक पोस्ट की वजह से इतना बखेडा खड़ा हो जाएगा.
उन्होंने कहा कि मैं अपनी समस्याओं पर चर्चा करने और एक साल पहले अपने पति की हत्या के बाद अपनी राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं को पूरा करने में आ रही दिक्कतों तथा अन्य मामलों पर चर्चा करने के लिए से मिली थी. मैंने यह तस्वीर फेसबुक पर महज अपने विरोधियों को यह जताने के लिए अपलोड की थी कि बहनजी का हाथ मेरे ऊपर है. उन्होंने कहा, 'लेकिन पार्टी कोऑर्डिनेटर ने जब मुझसे कहा कि बहनजी मेरे द्वारा फेसबुक पर साझा की गई तस्वीर को लेकर नाराज हैं और मेरा टिकट काट दिया गया. यह सुनकर मुझे बहुत धक्का लगा.'
संगीता को था जीत का भरोसा
इस घटना के लिए क्षमा याचना को तैयार संगीता चौधरी ने कहा कि बहनजी अभी मुझसे नाराज हैं लेकिन जब उनका गुस्सा कम हो जाएगा तब मैं उनके पास जाकर अपनी गलती की माफी मागूंगी. संगीता राज्य विधान सभा के होने वाले चुनाव में अतरौली सीट से अपनी जीत को लेकर बेहद आश्वस्त थीं. उनका कहना था कि क्षेत्र में उनके पति धर्मेन्द्र चौधरी के लिए सहानुभूति है. संगीता के पति धर्मेंद्र चौधरी को ने अगले विधान सभा चुनाव के लिए अपना उम्मीदवार घोषित किया था लेकिन जनवरी 2015 में उनकी हत्या कर दी गई थी.
सबा नाज़