स्कूल-कॉलेज के दिनों में हुआ प्यार ज्यादातर किताबों के पन्नों में सिमटकर रह जाता है. कई बार ऐसा भी होता है कि यह जन्मों के बंधन से जुड़ जाए लेकिन ऐसे किस्से कम ही सुनने को मिलते हैं. क्या आपने कभी सोचा है कि ऐसा क्यों होता है कि टीनएज का प्यार एक मिस्ट्री बनकर रह जाता है?
रिलेशनशिप के मामलों के लेकर होने वाले रिसर्च में हाल में यह बात सामने आई है कि टीनएज लव प्यार तो होता है लेकिन उससे ज्यादा कॉम्प्लिकेशन्स आनी शुरू हो जाती हैं और इसी वजह से धीरे-धारे सॉफ्ट फीलिंग्स पूरी तरह खत्म हो जाती है.
क्या कहते हैं शोधकर्ता
स्टडी के कोडऑथर थाओ हा का कहना है कि के बाद आने वाले विवादों को लोग सुलझाने की कोशिश करते हैं लेकिन अगर टीनएज में ऐसा कुछ होता है तो कपल्स एक दूसरे से किनारा करने का तरीका ढूंढने लगते हैं. इस स्टडी से अनुमान लगाया जा सकता है कि नब्बे फीसदी टीनएज लव सफल नहीं होते.
आइए जानें, टीनएज लव की ये पांच बातें जो रिश्ते में लाती हैं टकराव...
1. आकर्षण से होती है शुरुआत
टीनएज में होने वाला प्यार बाहरी सुदरता और चार्म की तरफ ज्यादा झुकाव महसूस करता है और यही वजह होती है कि वह सिर्फ एक-दूसरे की भावनाओं को अच्छी तरह समझ पाने में असफल रहते हैं.
2. साथ समय गुजारने में आता है मजा
प्यार की शुरुआत में वक्त बिताना ही कन्ल्स का मेन मोटो होता है और उसके लिए अक्सर क्लास बंक करना या फिर घर में झूठ बोलना जैसे काम करना आम बात होती है. लेकिन जब इन सबकी वजह से करियर और पढ़ाई का नुकसान होता है तो ब्लेम-गेम शुरू हो जाते हैं. यहीं से शुरुआत होती है झगड़ों की और बातों का बुरा मान जाने की.
3. धैर्य की कमी होना
सबकुछ सही चल रहा होता है और अचानक से किसी एक दिन एक के मना करने पर सबकुछ बिखर जाता है. दरअसल टीनएज लवस्टोरी में किसी एक के मना करने पर दूसरा ये सोचने लगता है कि शायद उसका है और ऐसा अधिकतर लड़कियों के साथ होता है.
4. रिश्ता ज्यादातर टाइमपास लगता है
टीनएज लव में केयर और रिसपेक्ट दोनों चीजों को समझ पाना थोड़ा मुशिकल होता है और इसी वजह से कपल्स अक्सर एक-दूसरे को समझ नहीं पाते है. लड़के बेवजह ही अपना हक जताने की कोशिश करते हैं और इसी वजह से लड़कियां खुद को असुरक्षित महसूस करने लगती हैं.
5. जलन की भावना
ये किसी भी कारण बनता है. टीनएज हो या एडल्ट, जलन हर उम्र के रिलेशनशिप में होती है. एडल्ट रिलेशनशिप में एक-दूसरे को समझा लिया जाता है जबकि टीनएज की नासमझी इसे समझने नहीं देती।.
वन्दना यादव