LOP को बोलने का मौका नहीं दिया जा रहा है जो देश के लिए चिंता का विषय है. विदेशी ताकतों के दबाव में देश की नीतियां बन रही हैं. अमेरिका के कहने पर हमारी ट्रेड डील और दोस्ती तय की जा रही है. यह स्थिति देश के लिए खतरनाक साबित हो सकती है क्योंकि विपक्ष की आवाज दबाई जा रही है और इससे देश में अस्थिरता बढ़ेगी.