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Russia-Ukraine War: अब रूस पर बरसेंगे Ghost Drones... यूक्रेन के लिए अमेरिका ने बनाया खास फायरपावर

aajtak.in
  • वॉशिंगटन,
  • 22 अप्रैल 2022,
  • अपडेटेड 12:18 PM IST
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रूस के खिलाफ युद्ध लड़ने के लिए अमेरिका लगातार यूक्रेन को नए-नए हथियार दे रहा है. अब अमेरिका एक भूतिया ड्रोन (Ghost Drone) यूक्रेन को दे रहा है. यह ड्रोन एक बार यूज करने के बाद दोबारा काम का नहीं रहेगा. क्योंकि रूसी अड्डों, टैंको, सैनिकों या विमानों को बर्बाद तो करेगा ही लेकिन खुद भी शहीद हो जाएगा. यानी यह एक आत्मघाती भूतिया ड्रोन है. अमेरिका ऐसे 121 भूतिया ड्रोन यूक्रेन को देने वाला है. (प्रतीकात्मक फोटोः एयरोविरोनमेंट/एफबी)

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इस ड्रोन का नाम है फीनिक्स घोस्ट टैक्टिकल अनमैन्ड एरियल सिस्टम्स (Phoenix Ghost Tactical Unmanned Aerial Systems). यूक्रेन के डोनबास इलाके में सबसे पहले उपयोग किए जाने की संभावना है. यह मैदानी इलाकों में मार करने के लिए बेहतरीन हवाई हमलावर है. पेंटागन के प्रवक्ता जॉन किर्बी ने कहा कि यूक्रेन के डोनबास इलाके में रूसी हमले को रोकने के लिए यह सबसे सटीक हथियार है. (प्रतीकात्मक फोटोः एयरोविरोनमेंट/एफबी)

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रॉयटर्स की खबर के मुताबिक जॉन किर्बी ने कहा कि यह ड्रोन यूक्रेन पर रूस के हमले से पहले बनाया गया था. लेकिन फिलहाल इसकी जरूरत यूक्रेन में है. इसका डेवलपमेंट हम आगे भी करते रहेंगे. ये ड्रोन्स रूसी टैंक्स, बख्तरबंद वाहनों के लिए मौत साबित होगा. यह स्विचब्लेड (Switchblade) ड्रोन्स जैसा ही होता है. जो बाहुबली के भल्लालदेव के हथियार की तरह काटता भी है. विस्फोट के साथ फटता भी है. यानी सैनिक, टैंक, बख्तरबंद गाड़ियां सबके लिए यह स्विचब्लेड घातक होता है. (प्रतीकात्मक फोटोः एयरोविरोनमेंट/एफबी)

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फीनिक्स घोस्ट ड्रोन्स (Phoenix Ghost Drones) आत्मघाती ड्रोन है. यह एक बार जाएगा तो दोबारा उपयोग के लिए वापस नहीं आएगा. यह कई तरह के टारगेट्स पर हमला कर सकता है. इस ड्रोन को अमेरिकी रक्षा कंपनी AEVEX एयरोस्पेस ने बनाया है. यह ड्रोन कम कीमत में तैयार होता है. यह एक तरह का लॉयटरिंग म्यूनिशन (Loitering Munition) है. यानी सुसाइड ड्रोन. (प्रतीकात्मक फोटोः एयरोविरोनमेंट/एफबी)

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इस ड्रोन को बनाने वाले कंपनी ऐवेक्स एयरोस्पेस के अधिकारियों ने कहा कि फीनिक्स घोस्ट ड्रोन्स (Phoenix Ghost Drones) ने कहा कि इसकी खासियतों के बारे में फिलहाल ज्यादा नहीं बता सकते. लेकिन यह बात तो पुख्ता है कि इसे चलाने के लिए ज्यादा ट्रेनिंग की जरूरत नहीं है. लेकिन ये ड्रोन रूसी टैंकों, गाड़ियों और सैनिकों के समूह पर हमला करने के लिए शानदार हथियार है. (प्रतीकात्मक फोटोः एयरोविरोनमेंट/एफबी)

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अधिकारियों ने यह भी कहा कि उन्हें कोई आइडिया नहीं है कि इसे फीनिक्स घोस्ट नाम कैसे मिला. उधर, अमेरिकी वायुसेना ने इस बारे में कोई कमेंट करने से मना कर दिया है. कैलिफोर्निया के सोलाना बीच स्थित ऐवेक्स एयरोस्पेस के अधिकारियों ने ज्यादा कुछ भी बताने से मना किया है. असल में यह एक कामीकेज सुसाइड ड्रोन है. आइए समझते हैं कि आखिर कामीकेज स्विब्लेड ड्रोन्स क्या होते हैं. (प्रतीकात्मक फोटोः एयरोविरोनमेंट/एफबी)

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कामीकेज किलर ड्रोन्स (Kamikaze Killer Drones) या स्विचब्लेड ड्रोन्स (Switchblade Drones) छोटे एक बार प्रयोग में आने वाले रिमोट कंट्रोल्ड उड़ने वाले बम होते हैं. ये आसानी से कहीं भी तैनात किए जा सकते हैं. या फिर कहीं से भी दागे जा सकते हैं. इनमें लगे कैमरे से आप छिपे हुए टारगेट को खोजकर हमला कर सकते हैं. ये पहाड़ियों, इमारतों, जंगलों आदि में छिपे हुए दुश्मन को खोजकर उसके ऊपर आत्मघाती हमला कर देता है. (प्रतीकात्मक फोटोः एयरोविरोनमेंट/एफबी)

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अमेरिकी कंपनी एयरोविरोनमेंट ने दो प्रकार के स्विचब्लेड ड्रोन्स (Switchblade Drones) तैयार किए हैं. सबसे ताकतवर स्विचब्लेड ड्रोन है 23 किलोग्राम का स्विचब्लेड-600. यह 40 मिनट तक उड़ सकता है. यह जमीन पर 185 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से गिरता है. इसमें मौजूद विस्फोटक की मदद से यह टैंक और बख्तरबंद वाहन और आर्मर को भी उड़ा सकता है. (प्रतीकात्मक फोटोः एयरोविरोनमेंट/एफबी)

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 ये मिसाइल की तरह लॉन्च किए जाते हैं. जैसे कोई मोर्टार छोड़ा जाता हो. ये रॉकेट की तरह लॉन्च पैड से निकलते हैं. हवा में जाने के बाद इनके विंग्स खुल जाते हैं. उसके बाद इन्हें संचालित करने वाला इंसान रिमोट पर नजर रखता है. वह टीवी स्क्रीन पर देखते हुए सीधे टारगेट की ओर बढ़ता है. जैसे ही टारगेट दिखता है, ड्रोन रूपी मिसाइल को ब्लास्ट कर दिया जाता है. या फिर टारगेट से टकराने के लिए छोड़ दिया जाता है. (प्रतीकात्मक फोटोः एयरोविरोनमेंट/एफबी)

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अमेरिका में यह ड्रोन 2011 से उपयोग में लाया जा रहा है. यह बेहद सफल रहा है. स्विचब्लेड 300 का वजन 2.5 किलोग्राम होता है. स्विचब्लेड 600 का वजन करीब 25 किलोग्राम होता है. स्विचब्लेड 300 की लंबाई मात्र 19.5 इंच होती है. करीब डेढ़ फुट. जबकि स्विचब्लेड 600 की लंबाई 51 इंच होती है. यानी 4 फीट से थोड़ी ज्यादा. (प्रतीकात्मक फोटोः एयरोविरोनमेंट/एफबी)

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स्विचब्लेड 300 ड्रोन्स (Switchblade 300 Drones) की ऑपरेशनल रेंज 10 किलोमीटर है. यह 15 मिनट तक उड़ान भर सकता है. यह आसानी से 15 हजार फीट की ऊंचाई तक जा सकता है. वहीं, स्विचब्लेड 600 ड्रोन्स (Switchblade 600 Drones) की ऑपरेशनल रेंज 40 किलोमीटर है. यह 40 मिनट तक उड़ सकता है. छोटे वाले स्विचब्लेड की अधिकतम गति 160 किलोमीटर प्रतिघंटा होती है. स्विचब्लेड 600 की अधिकतम गति 185 किलोमीटर होती है. (प्रतीकात्मक फोटोः एयरोविरोनमेंट/एफबी)

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स्विचब्लेड ड्रोन्स (Switchblade Drones) के अंदर अमेरिकी हथियार निर्माता कंपनी रेथियॉन (Raytheon) कंपनी का बनाया हुआ प्रेसिसन गाइडेड मिनी-मिसाइल लगाया जाता है. इसका नाम है पाइक (Pike). यह करीब 770 ग्राम का होता है. इसकी लंबाई 43 सेंटीमीटर यानी करीब 16.8 इंच होती है. वैसे तो इसकी रेंज 2 किलोमीटर है. लेकिन स्विचब्लेड ड्रोन में लगने के बार रेंज में कई गुना का इजाफा हो जाता है. (प्रतीकात्मक फोटोः एयरोविरोनमेंट/एफबी)

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