पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अर्थव्यवस्था की हालत को लेकर फिर नरेंद्र मोदी सरकार पर निशाना साधा. भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) की ओर से जारी वार्षिक रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि नोटबंदी के अर्थव्यवस्था पर असर को लेकर उनकी आशंकाएं सही साबित हुईं.
ममता बनर्जी ने अपने फेसबुक पेज पर लिखा- 'जैसे ही 8 नवंबर 2016 को नोटबंदी का एलान हुआ था, मुझे तत्काल पूर्व एहसास हुआ कि ये जनविरोधी फैसला है. ये देश के आम आदमी, खास तौर पर किसानों, असंगठित क्षेत्र, छोटे उद्यमियों और कड़ी मेहनत करने वाले मध्यम वर्ग को बुरी तरह प्रभावित करेगा. आज आरबीआई की 2017-18 के लिए वार्षिक रिपोर्ट से हमारी आशंकाएं सही साबित हुईं.'
ममता बनर्जी ने आरबीआई रिपोर्ट का हवाला देते हुए मोदी सरकार से सवाल किया- 'नोटबंदी के पैसे का 99.3% बैंकिंग सिस्टम में वापस आ चुका है. मेरा अब पहला सवाल है- काला धन कहां गया.'
ने नोटबंदी की पूरी प्रक्रिया पर संदेह जताते हुए कहा कि ये सब काला धन जमा कर रखने वाले कुछ लोगों का काला धन सफेद करने के लिए किया गया.
कोलकाता में मंगलवार को तृणमूल कांग्रेस के छात्र विंग को संबोधित करते हुए ममता बनर्जी ने कहा, 'आपने हजारों करोड़ नोटबंदी के नाम पर बनाए. आपको क्यों नहीं विदेशी चंदे के लिए जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए. आप राजनीतिक दल होते हुए क्यों विदेशी चंदा स्वीकार करते हैं. आप पैसा देश से बाहर भेजते हैं और फिर इसे विदेशी स्थानों से दोबारा भारत में रूट करते हैं वोट खरीदने के लिए.'
इंद्रजीत कुंडू / सुरेंद्र कुमार वर्मा / खुशदीप सहगल