रैंगिंग के कारण छोड़ी पढ़ाई, अब बनीं केरल की पहली ट्रांसजेंडर जर्नलिस्ट

यह पहली बार है जब केरल में किसी न्यूज चैनल ने ट्रांसजेंडर को अपॉइंट किया है. 22 साल की हेदी सादिया को कैराली न्यूज चैनल 31 अगस्त को बतौर ब्रॉडबैंड जर्नलिस्ट के तौर पर अपॉइंट किया. सोमवार को उन्होंने चैनल पर चंद्रयान-2 प्रोजेक्ट की लाइव रिपोर्ट भी पेश की.

हेदी सादिया (फोटो- aajtak)
गोपी उन्नीथन
  • तिरुवनंतपुरम,
  • 03 सितंबर 2019,
  • अपडेटेड 12:19 PM IST

  • सोमवार को उन्होंने चैनल पर चंद्रयान-2 प्रोजेक्ट की लाइव रिपोर्ट भी पेश की
  • हेदी ने अपने करियर में बीते वर्षों में कई उतार-चढ़ाव देखे हैं, जिनसे वह दुखी हुईं

बीते वर्षों में सरकार ट्रांसजेंडर्स के लिए कई प्रोजेक्ट्स लाई ताकि समाज में उनके लिए बेहतर माहौल बने और अवसर पैदा हों. स्टूडेंट्स के लिए कॉलेजों में रिजर्वेशन से लेकर कोच्चि मेट्रो में नियुक्ति जैसे कदम उठाए गए. लेकिन ट्रांसजेंडर्स को मौका देने के मामले में केरल के एक न्यूज चैनल ने मिसाल पेश की है. उन्होंने एक ट्रांसजेंडर को अपने न्यूज डेस्क पर नियुक्त किया है.

यह पहली बार है जब केरल में किसी न्यूज चैनल ने ट्रांसजेंडर को अपॉइंट किया है. 22 साल की हेदी सादिया को कैराली न्यूज चैनल 31 अगस्त को बतौर ब्रॉडबैंड जर्नलिस्ट के तौर पर अपॉइंट किया. सोमवार को उन्होंने चैनल पर चंद्रयान-2 प्रोजेक्ट की लाइव रिपोर्ट भी पेश की.

चंद्रयान-2 पर की लाइव ब्रीफिंग

हेदी ने इंडिया टुडे को बताया, 'सुबह जब चंद्रयान की खबर आई तो डेस्क चीफ ने मुझे लाइव के लिए तैयार होने को कहा. शुरुआत में मैं थोड़ी डरी हुई और हैरान थी. लेकिन मेरे साथियों और वरिष्ठों ने मुझे प्रोत्साहन दिया. इसके बाद मैंने थोड़ा बैकग्राउंड रिसर्च किया और लाइव ब्रीफिंग दी. यह शानदार अनुभव था.'

हेदी ने अपने करियर में बीते वर्षों में कई उतार-चढ़ाव देखे हैं. 12वीं करने के बाद उन्होंने मंगलुरु में एमबीबीएस के लिए एक प्राइवेट मेडिकल कॉलेज में दाखिला लिया. लेकिन उनके लिंग और अन्य स्टूडेंट्स द्वारा भेदभाव व रैगिंग के कारण उन्हें पढ़ाई छोड़नी पड़ी. उन्हें अपने माता पिता से भी मदद नहीं मिली. हेदी ने कोर्स छोड़ दिया और बेंगलुरु शिफ्ट हो गईं.

कीं मामूली नौकरियां

हेदी ने कहा, 'मैंने इग्नू में बीएस इंग्लिश लिटरेचर में दाखिला लिया और बेंगलुरु में मामूली नौकरियां कीं. हालांकि तब भी मैं मंगलुरु में हुई घटना से उबर नहीं पाई. सबसे निराशाजनक मेरे माता-पिता की टिप्पणी थी. मैं जैसी हूं, वह मुझे वैसे स्वीकारा नहीं चाहते थे. बाद में मैंने सेक्स रिअसाइनमेंट सर्जरी कराई. साल 2018 में जब त्रिवेंद्रम प्रेस क्लब ने पीजी डिप्लोमा प्रोग्राम के लिए कॉमन एंट्रेंस टेस्ट के आवेदन मांगे तो मैंने अप्लाई कर दिया. मेरी 18वीं रैंक आई और एडमिशन मिल गया.'

हेदी ने कहा, 'मैंने अपना कोर्स पूरा किया और मार्क्स भी अच्छे आए. लेकिन इंटर्नशिप पाने में बड़ी मुश्किल हुई. कई चैनलों ने मेरी इंटर्नशिप एप्लिकेशन बिना किसी वजह के रिजेक्ट कर दी. लेकिन आखिरकार कैराली टीवी ने मुझे मौका दिया. मेरी प्रोफाइल देखने बाद उन्होंने मुझे चैनल से बतौर ट्रेनी जुड़ने का मौका दिया.'

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