सेना प्रमुख बोले, राज्यपाल शासन का हमारे ऑपरेशन पर कोई असर नहीं

सेना प्रमुख ने कहा है कि हमने अपना ऑपरेशन रमजान के दौरान रोका था. इस दौरान क्या हुआ, ये सभी को पता है. राज्य में राज्यपाल शासन से हमारे ऑपरेशन पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा.

Advertisement
सेनाध्यक्ष बिपिन रावत सेनाध्यक्ष बिपिन रावत

राहुल विश्वकर्मा

  • नई दिल्ली,
  • 20 जून 2018,
  • अपडेटेड 10:31 PM IST

ईद के बाद सेना का ऑपरेशन ऑलआउट फिर से शुरू हो गया है. सीजफायर खत्म होने के बाद से अब तक सेना ने पांच आतंकियों को उनके अंजाम तक पहुंचा दिया है. सेना प्रमुख ने कहा है कि हमने अपना ऑपरेशन रमजान के दौरान रोका था. इस दौरान क्या हुआ, ये सभी को पता है. राज्य में राज्यपाल शासन से हमारे ऑपरेशन पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा. हमारा ऑपरेशन जैसे चलता था, वैसे ही चलता रहेगा. इसमें किसी भी प्रकार का राजनीतिक दखल नहीं है.

Advertisement

राज्य में बीते 24 घंटे में बहुत कुछ बदल चुका है. भाजपा ने पीडीपी से अपना ले लिया, जिससे सरकार गिर गई. बीजेपी ने समर्थन वापसी का कारण बीते कुछ समय से घाटी में हालात को भी बताया है. महबूबा सरकार की सिफारिश पर ही राज्य में सीजफायर लागू किया गया था. ईद के फौरन बाद सीजफायर हटा लिया गया, जिस पर महबूबा ने नाराजगी भी जाहिर की थी. माना जा रहा कि अब सेना के हाथ और खुल गए हैं.

एक दिन पहले मंगलवार को ही ने शहीद जवान औरंगजेब के घर जाकर उनके परिजनों से मुलाकात की थी. उन्होंने परिवार से वादा किया था कि औरंगजेब के हत्यारों को छोड़ा नहीं जाएगा. उनकी शहादत का बदला लिया जाएगा.

आज रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने भी औरंगजेब के घर जाकर परिजनों से मुलाकात की. इस दौरान उन्होंने औरंगजेब के परिवार को पूरे देश के लिए प्रेरणा बताया था. निर्मला ने काफी देर तक औरंगजेब के पिता से बात की. शहीद औरंगजेब के परिवार से मिलने के बाद निर्मला सीतारमण ने कहा कि आज मैंने औरंगजेब के परिवार के साथ समय बिताया, ये परिवार पूरे देश के लिए प्रेरणा है. जम्मू-कश्मीर में 15 जून को आतंकवादियों ने औरंगजेब को अगवा कर उनकी हत्या कर दी थी.

Advertisement

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement