नई पहलः अब देशभर में पावन गंगाजल की होम डिलिवरी करेगा भारतीय डाक

समय पर चिट्ठी ना पहुंचाने के लिए बदनाम रहा भारतीय डाक विभाग अब समय पर गंगाजल पहुंचाने का मंसूबा बना रहा है. यानी डाक विभाग आधुनिक भगीरथ होने के लिए तपस्या में जुटा है. जल्दी ही भगीरथ बना डाकिया डाक कंटेनर में गंगा को आप के द्वार तक पहुंचाएगा.

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अब गंगाजल के लिए होगा ऑनलाइन ऑर्डर अब गंगाजल के लिए होगा ऑनलाइन ऑर्डर

केशव कुमार / संजय शर्मा

  • नई दिल्ली,
  • 30 मई 2016,
  • अपडेटेड 5:48 PM IST

समय पर चिट्ठी ना पहुंचाने के लिए बदनाम रहा भारतीय डाक विभाग अब समय पर गंगाजल पहुंचाने का मंसूबा बना रहा है. यानी डाक विभाग आधुनिक भगीरथ होने के लिए तपस्या में जुटा है. जल्दी ही भगीरथ बना डाकिया डाक कंटेनर में गंगा को आप के द्वार तक पहुंचाएगा.

मोदी सरकार के दो साल की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए केंद्रीय दूरसंचार मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा कि प्रधानमंत्री की हिदायतों के बाद सरकार डाकिए का पूरा ध्यान रख रही है.

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अब गंगाजल के लिए होगा ऑनलाइन ऑर्डर
गंगोत्री से भगीरथी का और ऋषिकेश से गंगा का जल डाक विभाग के सील पैक डब्बों में जल्दी ही आपके द्वार तक पहुंचेगा. देश के किसी भी कोने से ऑनलाइन आवेदन कर इसे मंगाने का आर्डर दिया जा सकता है. भारतीय डाक स्पीड पोस्ट से देश के किसी भी कोने में आप तक गंगाजल भेजेगा. मोदी सरकार का दावा है कि ये उनकी बिल्कुल नई योजना है.

देश के हर कोने में डाक से पहुंचेगा पावन गंगाजल
मंत्रालय के मंसूबे के मुताबिक कश्मीर से कन्याकुमारी और कच्छ से कटक तक कहीं से भी कोई गंगाजल के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकता है. इसके लिए डाक विभाग की वेबसाइट पर अपना नाम-पता और गंगाजल की जरूरी मात्रा दर्ज कराने की जरूरत होगी. कुछ दिनों बाद ही स्पीड पोस्ट से उनके द्वार तक पावन गंगाजल पहुंच जाएगा.

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आठ साल पहले भी हुई थी गंगाजल की होम डिलिवरी
सरकार के दावे के उलट करीब आठ साल पहले भी देश में गाजियाबाद और अन्य डाकघरों ने अपने स्तर पर यह योजना शुरू की थी, लेकिन उसे ज्यादा तवज्जो नहीं मिली. फिलहाल सरकार की दूसरी सालगिरह पर अपनी उपलब्धियों की फेहरिस्त खोलते हुए केंद्रीय दूरसंचार मंत्री रविशंकर प्रसाद ने जोर देकर कहा कि इलाका चाहे ग्रामीण हो या शहरी, डाकिए का ध्यान रखा गया है.

मोबाइल माइक्रो एटीएम से होगा मनी ऑर्डर का भुगतान
उन्होंने कहा कि डाक सेवा को और व्यापक बनाने के लिए ग्रामीण इलाकों के डाकियों को मोबाइल माइक्रो एटीएम मशीनें दी जा रही हैं. ताकि मनी ऑर्डर या अन्य रकम का भुगतान इलेक्ट्रॉनिक तकनीक के जरिए फौरन किया जा सके. ये मशीनें सीधे डाकघर के सिस्टम से कनेक्ट रहेंगी.

स्मार्ट फोन से लैस होंगे शहरी क्षेत्र के डाकिए
शहरी क्षेत्रों के डाकियों को सरकार स्मार्ट फोन भी देगी, ताकि बहुत सारी चीजों की डिलिवरी और अन्य सेवाओं में ना केवल तेजी आए बल्कि वो स्मार्टली डिलिवर भी हो जाएं. यानी डाकिए के ट्रेडिशनल काम को ज्यादा असरदार और तेज तरीके में किया जा सके.

लॉन्च किया गया मल्टीपर्पस एप- उमंग
इसके अलावा रविशंकर प्रसाद ने एक मल्टीपर्पस एप उमंग भी शुरू किया. इसके जरिए एक क्लिक करते ही 1200 से ज्यादा योजनाओं की जानकारी मिलेगी. ये योजनाएं केंद्र सरकार, राज्य सरकारों और स्थानीय स्तर की होंगी. एप के जरिए इन योजनाओं का लाभ लेने की सुविधा भी होगी. विकास की इस गंगा के दावों और वादों के बावजूद फिलहाल तो देश को डाक से गंगाजल मिलने का इंतजार है.

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