सरकार गिराने के मंसूबे पालने वाले अधिकारी आस्तीन के सांप: शिवसेना

महाराष्ट्र पर राष्ट्रपति शासन लादने से पहले सुबह-सुबह जिस तरह सरकार का स्थापना समारोह संपन्न हुआ था, उसकी गुप्त साजिश में कुछ अधिकारी अवश्य शामिल रहे होंगे.

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उद्धव ठाकरे के साथ शरद पवार उद्धव ठाकरे के साथ शरद पवार

कमलेश सुतार

  • मुंबई,
  • 21 सितंबर 2020,
  • अपडेटेड 5:20 PM IST
  • मौजूदा सरकार को गिराने की किसने की कोशिश
  • आरोप पर गृह मंत्री अनिल देशमुख ने दी सफाई
  • शिवसेना ने कहा, आस्तीन के सांप से रहें सावधान

महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख ने एक अखबार की उस रिपोर्ट को खारिज किया जिसमें उनका हवाला देते हुए कहा गया था कि कुछ अधिकारियों ने राज्य की मौजूदा सरकार को गिराने की कोशिश की. देशमुख ने रिपोर्ट का खंडन करते हुए कहा कि शब्द उनके मुंह में डाले गए. हालांकि शिवसेना के मुखपत्र ‘सामना’ ने अपने संपादकीय में एक कदम आगे जाते हुए इस तरह के अधिकारियों को आस्तीन का सांप बताया है.  

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सामना के संपादकीय की मुख्य बातें- 

- कुछ अधिकारी इस भ्रम में थे कि फडणवीस सरकार नहीं जाएगी. पुलिस अधिकारी, आयुक्त, सरकारी वकीलों की नियुक्तियां संघ परिवार की सिफारिश या हस्तक्षेप से होती थीं.  

- ये अधिकारी इस तथ्य को पचा नहीं पा रहे थे कि 105 विधायकों के बावजूद बीजेपी सत्ता में नहीं आ सकी. इसे स्वीकारने में उन्हें वक्त लगा. 

- ऐसे अधिकारी, जो सरकार गिराने की कोशिश कर रहे थे, उन्हें जानने से ज्यादा ये अहम है कि ऐसे हमदर्द कौन है जो कुछ भी हो जाए बीजेपी की ही सरकार बनते देखना चाहते थे? 

- महाराष्ट्र पर राष्ट्रपति शासन लादने से पहले सुबह-सुबह जिस तरह सरकार का स्थापना समारोह संपन्न हुआ था, उसकी गुप्त साजिश में कुछ अधिकारी अवश्य शामिल रहे होंगे. यह सब वरिष्ठ प्रशासनिक स्तर पर हुआ. कुछ अधिकारियों ने सोचा इसके बाद पुरानी व्यवस्था ही आगे जारी रहेगी, वो उसी के हितों की रक्षा में लग गए. तत्कालीन मुख्यमंत्री को खुश करने के लिए उन्होंने कुछ निर्दलीय और छोटी पार्टियों के विधायकों को अलग-अलग प्रकार से जाल में फांसने की कोशिश की. कुछ अधिकारी इस तरह काम कर रहे थे कि बहुमत सिद्ध करवाने की जिम्मेदारी उनके सिर पर ही थी, लेकिन उनकी एक न चली. 

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- अगर कोई महसूस करता है कि इन हमदर्द अधिकारियों के भरोसे सरकार गिराई जा सकती है तो यह मूर्खता है. कुछ अधिकारी आज भी उच्च पदों पर विराजमान हैं. वो इस तरह बर्ताव कर रहे हैं जैसे कि उनका कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता, इसके बावजूद कि उन्होंने ठाकरे सरकार को सत्ता में आने से रोकने के लिए खुले तौर पर प्रयास किए थे. सरकार को इसी तरह की प्रवृत्ति से खतरा होता है. 

- सरकार गिराने से मतलब क्या होता है? सरकार के संदर्भ में कुछ मामले गुप्त रूप से विरोधियों तक पहुंचाना और सरकार के विरोध में प्रशासकीय तंत्र में अविश्वास का माहौल पैदा करना. ऐसी प्रवृत्ति पर निगरानी रखना गृह विभाग का काम है. उन्होंने यह काम अच्छे से किया तो सरकार का भविष्य उज्जवल है. सरकार गिराने का प्रयास कोई अधिकारी नहीं करता. वे सिर्फ मंसूबे पालते हैं. लेकिन आस्तीन के सांप होते ही हैं, सावधान रहना ही होगा. 

 

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