गढ़चिरौलीः सामूहिक विवाह समारोह में सरेंडर करने वाले 2 नक्सली जोड़े बंधे शादी के बंधन में

ग्रामीण इलाकों में शादी-ब्याह पर होने वाले बड़े खर्च को कम करने के मकसद ने गढ़चिरौली पुलिस ने यह पहल की है. नागपुर की मैत्री संस्था, साई सेवक परिवार और राज्य की चैरिटी विभाग भी इस पहल में शामिल थी. बता दें कि ग्रामीण इलाकों में एक शादी के लिए लोग जीवनभर की कमाई खर्च कर देते हैं और उसके बाद कर्ज का सिलसिला शुरू हो जाता है.

गढ़चिरौली में आयोजित सामूहिक विवाह समारोह
वरुण शैलेश
  • मुंबई,
  • 30 अप्रैल 2018,
  • अपडेटेड 12:18 AM IST

गढ़चिरौली पुलिस ने एक अनोखी पहल की है. नागपुर के मैत्री परिवार संस्था और चैरिटी ऑफिस के सहयोग से कुल 102 आदिवासी जोड़ों के विवाह संपन्न कराए गए. इस समारोह में वे दो जोड़े भी शामिल हैं जिन्होंने नक्सलवाद का रास्ता छोड़ आत्मसमर्पण कर मुख्यधारा में शामिल हुए हैं.

ग्रामीण इलाकों में शादी-ब्याह पर होने वाले बड़े खर्च को कम करने के मकसद ने गढ़चिरौली पुलिस ने यह पहल की है. नागपुर की मैत्री संस्था, साई सेवक परिवार और राज्य की चैरिटी विभाग भी इस पहल में शामिल थी. बता दें कि ग्रामीण इलाकों में एक शादी के लिए लोग जीवनभर की कमाई खर्च कर देते हैं और उसके बाद कर्ज का सिलसिला शुरू हो जाता है.

एक कार्यक्रम में सामूहिक विवाह संपन्न हुए. जिलाधिकारी और आला अधिकारियों की  उपस्थिति में 102  जोड़े शादी के बंधन में बंध गए.  प्रशासन और कुछ गैर सरकारी संगठनों ने इस समारोह का खर्च वहन किया. शादी के बंधन में बंधने वाले सभी जोड़ों को रोजमर्रा की चीजें उपहार स्वरूप भेंट की गईं.  इस समारोह में 2  आत्मसमर्पित जोड़े  भी शामिल हुए.

Read more!

RECOMMENDED