फांसी से बचने के लिए निर्भया गैंगरेप (Nirbhaya Gangrape Case) और मर्डर केस के गुनहगारों ने नई चाल चली है. दोषी अक्षय ने मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट में क्यूरेटिव पिटिशन दायर किया. इसके बाद आज बुधवार को एक और दोषी विनय दया याचिका दाखिल करेगा.
मौत की सजा पाए विनय की क्यूरेटिव पिटिशन को सुप्रीम कोर्ट पहले ही खारिज कर चुका है. जबकि सुप्रीम कोर्ट में आज दोषी मुकेश की याचिका पर फैसला आएगा.
अब तक 4 डमी फांसी
इस बीच को 1 फरवरी को सुबह 6 बजे तिहाड़ जेल में फांसी पर लटकाने जाने की तैयारी चल रही है. जेल में डमी फांसी देकर इसका अभ्यास किया जा रहा है. सोमवार को एक बार फिर इसका अभ्यास किया गया. अब तक 4 बार डमी फांसी दी जा चुकी है.
इसे भी पढ़ें----
13 जनवरी को भी डमी फांसी का अभ्यास किया गया था. इसमें चार पुतले बनाए गए और उसे फांसी पर लटकाया गया. सूत्रों के मुताबिक, पुतलों का वजन निर्भया के चार दोषियों के वजन से ज्यादा रख कर फांसी की डमी एक्सरसाइज की गई.
इससे पहले सोमवार दिन में जेल में दोषी अक्षय कुमार सिंह की पत्नी और मां ने उससे मुलाकात की. कल मंगलवार को भी सभी दोषियों के परिजनों से मुलाकात कराई गई.
दूसरी बार जारी हुआ डेश वारंट
निर्भया गैंगरेप केस के चारों दोषियों का नया डेथ वारंट कोर्ट ने पहले ही जारी कर दिया था. चारों दोषियों को अब 1 फरवरी सुबह 6 बजे फांसी पर लटकाया जाएगा. इससे पहले मामले में दोषी मुकेश की दया याचिका को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने पहले ही खारिज कर दिया है.
इसे भी पढ़ें----
पटियाला हाउस कोर्ट ने चारों दोषियों को पहले 22 जनवरी सुबह 7 बजे फांसी पर लटकाने की तारीख तय की थी, लेकिन इसके बाद दोषी मुकेश सिंह ने राष्ट्रपति के सक्षम दया याचिका लगा दी थी.
राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद द्वारा निर्भया के दोषी मुकेश सिंह की दया याचिका खारिज होने के बाद कोर्ट ने नया डेथ वारंट जारी किया.
aajtak.in