दिल्ली सरकार के तहत दिल्ली ट्रांस्पोर्ट कॉर्पोरेशन बोर्ड ने दिल्ली के पांच बस डिपो में अंडरग्राउंड पार्किंग बनाने पर सहमति दे दी है. इसका मकसद है कि डीटीसी की बसों को खड़ी करने में स्पेस की समस्या खत्म होगी. साथ ही सरफेस का भी दूसरे कामों में उपयोग में लाया जा सकेगा.
स्पेस की कमी के चलते बनाया प्लान
डीटीसी सीमापुरी, शादीपुर, सुभाष प्लेस, गाजीपुर और हरिनगर बस डिपों में अंडरग्राउंड पार्किंग बनाएगी. दरअसल ये पूरी कवायद दिल्ली की परिवहन व्यवस्था को दुरुस्त रखने के लिए की जा रही है. के दिल्ली के अधिकतर इलाकों में बस डिपो हैं, जिनमें वर्कशॉप भी हैं. यहां बसों को पार्क किया जाता है. सरकार दिल्ली में हजार बसें खरीदने का प्लान कर रही है जिसमें पार्किंग को लेकर केजरीवाल सरकार पर सवाल उठते रहते हैं. इन्हीं समस्याओं को दूर करने के लिए सरकार ने ये योजना बनाई है.
पार्किंग बनाने की कवायद शुरू
के सबसे बड़े मिलेनियम डिपो को खाली करने का आदेश कोर्ट जारी कर चुका है. इसलिए आने वाले दिनों में बसों को पार्क करने की समस्या गंभीर हो सकती है. फिलहाल भले ही पांच डिपो को इसके लिए चपना गया है लेकिन कुछ और बस डिपो में भी अंडरग्राउंड मल्टीलेवल पार्किंग बनाने का मन बनाया गया है, इसके लिए गंभीर कवायद शुरू हो चुकी है.
दस मंजिला अंडरग्राउंड पार्किंग की योजना
सूत्रों के मुताबिक इसमें करीब दस मंजिला बनाई जाएगी. इसका लाभ तो यह होगा कि बसों को खड़ी करने के लिए जमीन मिल जाएगी. साथ ही जमीन का भी अलग से उपयोग हो सकेगा. सरकार चाहती है कि इसे पीपीपी (पब्लिक-प्राइवेट-पार्टनरशिप) आधार पर तैयार किया जाए, ताकि सरकार पर आर्थिक बोझ न पड़े.
मोनिका शर्मा / रोहित मिश्रा