पिछले महीने झारखंड में चोरी के आरोपी तबरेज अंसारी की मौत के बाद से ही सोशल मीडिया पर कई फर्जी वीडियो वायरल हो रहे हैं. फेसबुक और ट्विटर पर एक वीडियो क्लीप में कुछ लोग तलवार और कई तरह के हथियार लहराते नजर आ रहे हैं, साथ ही ये लोग तबरेज की घटना को लेकर राष्ट्रीय स्वंयसेवक संघ यानी RSS के खिलाफ नारे लगा रहे हैं.
सुदर्शन न्यूज नाम के ट्विटर हैंडल ने ये वीडियो पोस्ट कर दावा कि कुछ मजहबी उन्मादी लोग तलवारें लहराकर RSS और दूसरे हिंदू संगठनों को धमकी दे रहे हैं.
इंडिया टुडे एंटी फेक न्यूज वॉर रुम AFWA ने पाया कि दावा भ्रामक है. असली वीडियो 2 साल पुराना यानी 2017 का है और इसमें कोई भड़काऊ नारे नहीं हैं. असली आवाज के साथ छेड़छाड़ कर उसमें नकली नारे डाले गए हैं.
सुदर्शन न्यूज के लोगों के साथ इस 27 सेकेंड के वीडियो में लिखा है, 'चढ़ा चड्डीवालों को. गोली मारो ***** को. तबरेज के हत्यारों को गोली मारो ****** को'
इस ट्वीट को 2700 से ज्यादा बार रिट्वीट किया गया. इस पोस्ट को कई दूसरे यूजर्स ने भी साझा किया..
ये पोस्ट फेसबुक पर भी वायरल है.
कुछ दिन पहले भी हमने ऐसे ही दावे की पड़ताल की थी और उसे किया था.
इस बार भी हमने जब मुहर्रम वीडियो के नाम से ढूंढना शुरू किया तो हमें ये वायरल वीडियो मिला जिसे बिहार के डेहरी अनसोन मुहर्रम के नाम से 2017 में मियां भाई ने अपलोड किया था.
इस वीडियो में वायरल वीडियो जैसे कोई नारे नहीं है.
इसे वीडियो का बड़ा भाग दूसरे यूजर्स ने भी 2017 में ही अपलोड किया जिसे देखा जा सकता है.
जब हमने में ढूंढा तो हमें इस तरह के नारों के साथ एक वीडियो मिला जो 1 जुलाई 2019 में अपलोड किया गया था. इस तरह ये कहा जा सकता है कि इस वीडियो का तबरेज की मौत से कोई लेना देना नहीं है.
चयन कुंडू