हिन्दुस्तान के इतिहास से अगर पिछली सदी के कुछेक ऐसे व्यक्तित्व को शामिल करना हो. जिन्होंने अपने कृतित्व से पूरी दुनिया को दंग कर दिया हो तो उनमें स्वामी विवेकानंद को जरूर शुमार किया जा सकता है लेकिन इस बात से कम ही लोग वाकिफ हैं कि उनके आध्यात्मिक गुरु राम कृषण परमहंस थे. राम कृष्ण परमहंस साल 1886 में 16 अगस्त के रोज ही दुनिया छोड़ गए थे.
1. 12 साल की उम्र तक वो स्कूल गए लेकिन की कमियों के चलते उन्होंने जाना बंद कर दिया.
2. उन्हें पुराण, रामायण, महाभारत और भगवत पुराण का अच्छा ज्ञान था.
3. उनका कहना था कि सभी इंसानों के भीतर भगवान है लेकिन हर इंसान भगवान नहीं है, इसलिए उन्हें का सामना करना पड़ता है.
विष्णु नारायण