पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर में स्थित मेडिकल कॉलेज हॉस्टल से हैरान करने वाला मामला आया है. मेडिकल कॉलेज के हॉस्टल में MBBS प्रथम वर्ष के एक छात्र का झूलता हुआ शव बरामद होने से इलाके में हड़कंप मच गया. घटना शनिवार रात की बताई जा रही है. सूचना मिलने पर दुर्गापुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और कमरे का दरवाजा खुलवाकर शव को बरामद किया. मृत छात्र की पहचान 22 वर्षीय लावण्य प्रताप के रूप में हुई है, जो बिहार के पटना का रहने वाला था और कॉलेज में MBBS प्रथम वर्ष का छात्र था.
पोस्टमार्टम के लिए भेजा शव
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर अस्पताल में सुरक्षित रखा और बाद में पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. घटना के बाद कॉलेज परिसर में शोक और तनाव का माहौल है. मृतक छात्र के पिता अनिल कुमार ने कॉलेज प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उनका कहना है कि उन्हें कॉलेज की ओर से कोई सूचना नहीं दी गई. जब बेटे का फोन नहीं उठा तो उन्होंने उसके दोस्तों से संपर्क किया. इसके बाद दोस्त का पता लगाने के लिए उन्होंने कॉलेज प्रशासन की मदद ली.
पिता ने कॉलेज प्रशासन पर लगाए गंभीर आरोप
पिता का आरोप है कि कॉलेज प्रशासन ने काफी देर तक घटना को लेकर कोई जानकारी नहीं दी. उन्होंने कॉलेज मैनेजमेंट पर छात्रों की देखरेख में लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि बाहर से पढ़ने आए छात्रों की सुरक्षा और मानसिक स्थिति का ध्यान रखना संस्थान की जिम्मेदारी है. पिता के मुताबिक, छात्र हाल ही में आए परीक्षा परिणाम से परेशान था. पिता ने दावा किया कि बेटे को प्रैक्टिकल परीक्षा में केवल 5 अंक दिए गए, जबकि वह लिखित परीक्षा में लगभग 50 अंक लाया था. छात्र ने पेपर की री-चेकिंग के लिए आवेदन भी किया था और उसकी अगली परीक्षा 19 मार्च से प्रस्तावित थी. पिता का आरोप है कि कॉलेज में शिक्षकों द्वारा छात्रों के साथ अनुचित व्यवहार भी किया जाता था, जिससे वह मानसिक रूप से परेशान था.
जांच कर रही है पुलिस
घटना के बाद छात्र के सहपाठियों ने इस मामले पर सार्वजनिक रूप से कुछ भी कहने से इनकार कर दिया है. पुलिस अब छात्र के निजी जीवन, पढ़ाई के दबाव और हालिया परिस्थितियों की जांच कर रही है. इस दौरान वह परिवार और दोस्तों से भी पूछताछ कर रही है. दुर्गापुर के पुलिस उपायुक्त (पूर्व) अभिषेक गुप्ता ने फोन पर बताया कि मामले की विस्तृत जांच की जाएगी और परिवार के आने के बाद उनके बयान दर्ज किए जाएंगे. फिलहाल अस्पताल प्रशासन की ओर से इस घटना पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है.
अनिल गिरी