अमेरिका में गूगल की नौकरी, लेकिन दिल में देश सेवा! पीयूष कपूर ने UPSC में मारी बाजी, हासिल की 402वीं रैंक

यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा-2025 में लखनऊ के पीयूष कपूर ने 402वीं रैंक हासिल की है. पीयूष पिछले 10 वर्षों से अमेरिका में गूगल में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के रूप में कार्यरत हैं. नौकरी के साथ उन्होंने टाइम ज़ोन का उपयोग कर तैयारी की और ऑनलाइन मॉक टेस्ट दिए. वहीं, अभ्युदय कोचिंग के कई अभ्यर्थियों ने भी इस बार परीक्षा में सफलता हासिल की है.

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10 साल गूगल में नौकरी.(Photo: Ankit Mishra/ITG) 10 साल गूगल में नौकरी.(Photo: Ankit Mishra/ITG)

अंकित मिश्रा

  • लखनऊ,
  • 06 मार्च 2026,
  • अपडेटेड 11:31 PM IST

यूपीएससी (UPSC) सिविल सेवा परीक्षा-2025 के परिणाम जारी कर दिए गए हैं. इस परीक्षा के माध्यम से कुल 958 उम्मीदवारों का चयन किया गया है. इस बार लखनऊ समेत उत्तर प्रदेश के कई अभ्यर्थियों ने सफलता हासिल कर प्रदेश का नाम रोशन किया है. खास बात यह रही कि विदेश में नौकरी कर रहे एक अभ्यर्थी ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए परीक्षा में स्थान बनाया है.

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लखनऊ के रहने वाले पीयूष कपूर ने यूपीएससी में 402वीं रैंक हासिल की है. पीयूष पिछले 10 वर्षों से अमेरिका में गूगल में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के रूप में कार्यरत हैं. उन्होंने बताया कि गूगल में सीनियर लीडरशिप भूमिका निभाते हुए यूपीएससी की तैयारी के लिए समय निकालना आसान नहीं था, लेकिन उन्होंने समय के अंतर को अपनी ताकत बना लिया.

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टाइम ज़ोन को बनाया तैयारी का हथियार

पीयूष कपूर के अनुसार, जब भारत में रात होती थी, उस समय अमेरिका में उनके लिए पढ़ाई का अनुकूल माहौल बन जाता था. इसी दौरान वह शांत वातावरण में पढ़ाई करते थे. ऑफिस के बाद भारतीय समय के अनुसार ऑनलाइन मॉक टेस्ट भी देते थे. उन्होंने अपनी पूरी तैयारी को एक डेटा-ड्रिवन प्रोजेक्ट की तरह व्यवस्थित किया.

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पीयूष ने बताया कि इस पूरे सफर में उनके पिता अरुण कपूर (स्टेट बैंक से सेवानिवृत्त अधिकारी), मां रुचि कपूर और बड़े भाई आयुष कपूर ने उनका भरपूर साथ दिया. उनके प्रोत्साहन और सहयोग की वजह से ही वह इस मुकाम तक पहुंच पाए.

देश सेवा की भावना ने दी नई दिशा

पीयूष कपूर का कहना है कि सिलिकॉन वैली में सफल ग्लोबल करियर के बावजूद उनके मन में हमेशा देश के लिए कुछ करने की इच्छा रही. उनका मानना है कि तकनीक और प्रशासन का मेल भारत के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकता है.

उन्होंने बताया कि कॉरपोरेट सेक्टर में 10 वर्षों के अनुभव ने उन्हें दबाव की परिस्थितियों में शांत रहना और जटिल समस्याओं का विश्लेषण करना सिखाया. यही कौशल यूपीएससी परीक्षा के हर चरण में उनके लिए उपयोगी साबित हुआ.

अभ्युदय कोचिंग के अभ्यर्थियों ने भी दिखाई सफलता

यूपीएससी-2025 में उत्तर प्रदेश सरकार के समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित अभ्युदय कोचिंग से भी कई अभ्यर्थियों ने सफलता प्राप्त की है. लखनऊ के विमल कुमार को 107वीं रैंक मिली है. वह भागीदारी भवन की आवासीय कोचिंग में रहकर तैयारी कर रहे थे.

इसके अलावा विपिन देव यादव ने 316वीं, आदर्श पांडेय ने 347वीं, मानसी ने 444वीं, महेश जायसवाल ने 590वीं, अदिति सिंह ने 859वीं और तनीषा सिंह ने 930वीं रैंक हासिल कर परीक्षा में सफलता प्राप्त की है.

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योजना ने बढ़ाया प्रदेश का गौरव

समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित भागीदारी भवन की आवासीय कोचिंग और मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना ने एक बार फिर अपने परिणामों से प्रदेश का गौरव बढ़ाया है. यहां से निशुल्क प्रशिक्षण और मार्गदर्शन प्राप्त कर रहे दो अभ्यर्थियों के साथ-साथ मॉक इंटरव्यू देने वाले चार अभ्यर्थियों का चयन यूपीएससी-2025 में हुआ है.

समाज कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) असीम अरुण ने सभी चयनित अभ्यर्थियों को बधाई दी है. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का प्रयास है कि प्रदेश के हर मेधावी युवा को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए गुणवत्तापूर्ण मार्गदर्शन और आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जाएं.

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