पूरे ग्यारह साल तक वो मौके का इंतजार करता रहा और जब मौका मिला तो एक साथ एक-दो नहीं बल्कि तीन लाशें गिरीं. मोहब्बत के साथ शुरू हुई अदावत की ये कहानी 11 साल पुरानी है जब एक लड़के और एक लड़की को प्यार हो गया और उन्होंने अपने परिवार को शादी करने की इच्छा के बारे में बताया. दोनों के परिवार खुशी-खुशी शादी के लिए राजी भी हो गए लेकिन कोई था जिसे ये शादी कुबूल नहीं थी और वो था उस लड़के का सबसे करीबी दोस्त और उस लड़की की बुआ का बेटा. देखें- 'दिल ही तो है' का ये पूरा वीडियो.