पुलिस एंड इंटेलिजेंस

Rajasthan: फर्जी चेक से एक करोड़ रुपये निकालने बैंक पहुंचे, एक गलती से पहुंचे जेल

aajtak.in
  • करौली ,
  • 26 मई 2021,
  • अपडेटेड 6:28 PM IST
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राजस्थान के करौली एसबीआई बैंक से फर्जी चैक के जरिए एक अंतर्राज्यीय ठग गिरोह उत्तर प्रदेश ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के रुपये निकालने का प्रयास कर रहा था. इसके लिए उन्होंने बैंक को एक करोड़ का फर्जी चेक भी दिया था लेकिन बैंक मैनेजर की सजगता के चलते पुलिस ने ठगों को गिरफ्तार कर लिया. (प्रतीकात्मक फोटो) (इनपुट-गोपाल लाल)

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बताया जा रहा है कि ठग एक गौशाला के खाते के नाम पर पैसा ट्रांसफर करके निकालने का प्रयास कर रहे थे. इस दौरान शाखा प्रबंधक को उन पर संदेह हुआ और उन्होंने पुलिस को फोन कर दिया. इसके बाद पुलिस टीम से रामेश्वर दयाल, एएसआई चंद्रहुसैन और कांस्टेबल सुग्रीव तत्परता दिखाते हुए मौके पर पहुंचे. जांच में सभी आरोपियों ने अलग-अलग बयान दिए जिससे उनका भांडा फूट गया. इसके बाद पुलिस ने एक स्थानीय आरोपी सहित पांच ठगों को गिरफ्तार कर लिया. फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ में जुटी है.(प्रतीकात्मक फोटो)

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एसपी मृदुल कच्छावा ने बताया कि ठग उत्तर प्रदेश ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के पैसों को फर्जी चैक के जरिए साईं राम गौ सेवा समिति के खाते में 1 करोड़ रुपये की राशि ट्रांसफर कराने का प्रयास कर रहे थे. इस ठगी में आरोपी हेमंत कुशवाह, शैलेश मिश्रा, केदार जाट, अमित कुशवाह, और नरसी माली शामिल था. इन लोगों ने गौ सेवा समिति के खाते में 1 करोड़ रुपये की राशि ट्रांसफर करने के लिए चेक दिया था. पुलिस ने बताया कि खाते में 59 करोड़ रुपये की राशि मौजूद थी जोकि बैंक मैनेजर की सजगता से बच गए.(प्रतीकात्मक फोटो)

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इस दौरान करौली के गुलाब बाग स्थित एसबीआई बैंक के शाखा प्रबंधक को शक हो गया और करौली थाने में सूचना दी. सूचना पर एएसआई दिनेश चंद्र शर्मा बैंक पहुंचे और संदिग्धों से पूछताछ की. पूछताछ में बैंक में मौजूद हेमंत कुशवाहा, नरसी माली और शैलेश मिश्रा ने पुलिस को अलग-अलग बयान दिए. इसके बाद कड़ाई से पूछताछ में उन्होंने बताया कि 2 साथी बैंक के बाहर एक लग्जरी कार में बैठे हैं.(प्रतीकात्मक फोटो)

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सूचना मिलते ही पुलिस ने लग्जरी कार को भी जब्त कर लिया और कार में मौजूद केदार जाट और अमित कुशवाहा को भी गिरफ्तार कर लिया. पूछताछ में हेमंत कुशवाहा ने कबूला कि उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिले में ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के खाते से जालसाजी कर चेक प्राप्त किया था. साथ ही उसने बताया कि किसी को शक ना हो इसलिए गौ सेवा समिति के सदस्य नरसी माली से संपर्क कर चैक को साईंराम गौ-सेवा समिति के खाते में क्लीयरेंस करा कर पैसों को हड़पने का प्लान किया गया. एसपी ने बताया कि साईं राम गौ सेवा समिति केवल कागजों में ही संचालित थी. पुलिस ठगों के लेनदेन और कार्यप्रणाली की जांच कर रही है. साथ ही ठग गिरोह की अन्य वारदातों के खुलासे के लिए पुलिस आरोपियों से पूछताछ में जुटी है. (प्रतीकात्मक फोटो)

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