भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड डील (India-US Trade Deal) पर बातचीत फिर टल गई है. इसे लेकर एक बड़ा अपडेट ऐसे समय में आया है, जब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर नई टैरिफ धमकी दी है और Iran के साथ ट्रेड करने वाले देशों पर 25% Tariff लगाने का ऐलान किया है. भारत पहुंचे अमेरिकी राजदूत ने सर्जियो गोर ने कहा था कि व्यापार समझौते पर मंगलवार 13 जनवरी से बात फिर से शुरू होगी, लेकिन अब आई रिपोर्ट की मानें तो इस सप्ताह भारत-अमेरिका के बीच कोई व्यापार वार्ता निर्धारित ही नहीं है.
'ट्रेड डील पर अभी बात नहीं...'
बिजनेस टुडे पर छपी रिपोर्ट के मुताबिक, भारतीय अधिकारियों ने इन्फॉर्मिस्ट को बताया कि इस सप्ताह अमेरिका के साथ कोई व्यापार वार्ता (India Trade Talk With US) निर्धारित नहीं है. यह स्पष्टीकरण भारत में अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर द्वारा India-US Trade Deal के संबंध में सोमवार को की गई टिप्पणी के बाद आया है. इसमें मामले से संबंधित अधिकारी के हवाले से बताया गया है कि वाणिज्य मंत्रालय को वाशिंगटन से ट्रेड डील पर आगे की बातचीत के संबंध में कोई सूचना नहीं मिली है.
नाम न छापने की शर्त पर अधिकारी ने कहा कि,'मैं इस बात की पुष्टि नहीं कर सकता कि इस महीने बातचीत होगी या फिर नहीं, लेकिन निकट भविष्य में या कम से कम इस सप्ताह तक तो कुछ भी निर्धारित नहीं है.
अमेरिकी राजदूत ने क्या कहा था?
गौरतलब है कि Sergio Gor ने कहा था कि भारत-US ट्रेड डील को लेकर दोनों पक्ष गंभीर हैं और समझौते को अंतिम रूप देने के लिए प्रतिबद्ध हैं. उन्होंने यह भी कहा था कि भारत दुनिया के सबसे बड़े देशों में से एक है, इसलिए इस तरह के व्यापार समझौते को अंतिम रूप देना आसान नहीं है, लेकिन दोनों पक्ष इसे पूरा करने में लगे हुए हैं. गोर ने इस पर आगे की बात के लिए कहा था कि लंबे समय से चली आ रही द्विपक्षीय व्यापार वार्ता सक्रिय रूप से जारी है और अगले चरण की अधिकारिक बातचीत मंगलवार 13 जनवरी 2026 से शुरू होने वाली है.
ट्रेड पर बात में 50% टैरिफ बड़ा मुद्दा
भारतीय सामानों पर फिलहाल अमेरिकी बाजार में 50% टैरिफ लागू है, और ये दोनों देशों के बीच चल रही बातचीत में सबसे अहम मुद्दा बना हुआ है. भारतीय वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने पिछले महीने कहा था कि India-US इसके संबंध में भारत की चिंताओं को दूर करने वाले एक अंतरिम समझौते के करीब हैं. हालांकि, उन्होंने इसके लिए कोई समयसीमा (India-US Deal Timeline) निर्धारित किए जाने से इनकार किया था.
रिपोर्ट के मुताबिक, हाई टैरिफ (US 50% Tariff On India) के बावजूद भारत से अमेरिका को होने वाला निर्यात मजबूत बना हुआ है. अप्रैल से नवंबर के बीच इसमें सालाना आधार पर 11.4% का इजाफा हुआ है और यह 59.04 अरब डॉलर तक पहुंच गया है. हालांकि, व्यापार समझौते के अभाव में, अगर अमेरिकी कांग्रेस रूस और उसके व्यापारिक साझेदारों को निशाना बनाने वाला प्रतिबंध विधेयक पारित करती है, तो भारतीय निर्यातकों को और भी अधिक शुल्क का सामना करना पड़ सकता है, जिस पर इस सप्ताह वोटिंग संभव है. इसके अलावा ईरान से कारोबार को लेकर ट्रंप की नई धमकी (Trump New Tariff Warning) का असर भी देखने को मिल सकता है.
आजतक बिजनेस डेस्क