बिहार के ऐतिहासिक शहर बख्तियारपुर का नाम बदलने की मांग को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बकवास करार दिया है. बिहार में बीजेपी और जेडीयू की साझा सरकार चला रहे नीतीश कुमार ने बख्तियारपुर का नाम बदलने की किसी भी मांग को खारिज कर दिया.
पटना से लगभग 50 किलोमीटर दूर स्थित बख्तियारपुर शहर का नाम बदलने की मांग लंबे समय से हो रही है. इस पर सोमवार को जब पत्रकारों ने नीतीश से सवाल पूछा तो उन्होंने कहा कि ये सब फालतू बात है. ऐसा कुछ नहीं होगा.
मधुबनी के बिस्फी से बीजेपी विधायक हरिभूषण ठाकुर बचोल ने सोमवार को मांग की थी कि जिस आक्रांता बख्तियार खिलजी ने नालंदा का विश्व प्रसिद्ध विश्वविद्यालय को जलाया है वैसे आक्रमणकारी के नाम पर इस शहर का नाम नहीं होना चाहिए.
| "What rubbish...why would we change the name of Bakhtiarpur? It is my birthplace," says Bihar CM Nitish Kumar in Patna
— ANI (@ANI)
इससे जुड़ा सवाल जब नीतीश कुमार से पूछा गया तो उन्होंने कहा, " क्या फालतू बात है...बख्तियारपुर का नाम क्यों बदलेगा, मेरा जन्मस्थान बख्तियारपुर है. उसका नाम कौन बदलेगा."
नीतीश कुमार ने कहा कि बख्तियारपुर के बारे में बिना मतलब की बात करते हैं. मुख्यमंत्री ने कहा कि उनका जन्मस्थान बख्तियारपुर है. इस बार यहीं के एक व्यक्ति ने नालंदा विश्वविद्यालय को नए सिरे से बनाना शुरू कर दिया है. आखिर हम बख्तियारपुर का नाम क्यों बदलेंगे? इस जगह को लेकर लोग बिना मतलब की बातें करते हैं?
चुपचाप सुनते रहे डिप्टी CM तारकिशोर प्रसाद
नीतीश कुमार जब बख्तियारपुर का नाम बदलने को लेकर दो टूक जवाब दे रहे थे. तो उनके पीछे ही बिहार के डिप्टी सीएम तारकिशोर प्रसाद और बीजेपी नेता मंगल पांडेय भी खड़े थे. दोनों नेता चुपचाप नीतीश का जवाब सुनते रहे.