बिहार में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं. चुनाव के लिए राजनीतिक दलों ने कमर कस ली है. इसी बीच सोशल मीडिया पर एक वीडियो के जरिये दावा किया जा रहा है कि बिहार में बीजेपी नेताओं की पिटाई की गई. वीडियो में कुछ लोगों के बीच भीड़ में मार-पीट होती दिख रही है. कुछ लोगों को बीच-बचाव करते हुए भी देखा जा सकता है. वीडियो में बीजेपी का झंडा भी नजर आ रहा है. वीडियो को पोस्ट करते हुए सोशल मीडिया यूज़र्स लिख रहे हैं "बिहार में भाजपा नेता कूटे गए...".
इंडिया टुडे एंटी फेक न्यूज़ वॉर रूम (AFWA) ने पाया कि वीडियो के साथ किया जा रहा दावा गलत है. ये वीडियो अप्रैल 2019 का है और राजस्थान का है. वीडियो में दिख रहे लोग बीजेपी कार्यकर्ता हैं जो आपस में ही भिड़ गए थे.
वीडियो को भ्रामक कैप्शन के साथ पर खूब शेयर किया जा रहा है. वायरल पोस्ट का आर्काइव देखा जा सकता है.
वीडियो को इंटरनेट पर खोजने पर हमें न्यूज एजेंसी ANI का इस वीडियो के संबंध में एक ट्वीट मिला. ट्वीट के मुताबिक वीडियो अजमेर के मसूदा तहसील का है जहां 11 अप्रैल, 2019 को बीजेपी के दो गुट आपस में भिड़ गए थे. इसको लेकर कई भी इंटरनेट पर मौजूद हैं.
Rajasthan: Two groups of Bharatiya Janata Party (BJP) workers clash during a rally in Masuda, Ajmer. (11/4/19)
— ANI (@ANI)
दरअसल, उस समय देश में लोकसभा चुनाव हो रहे थे. ‘’ की एक रिपोर्ट के मुताबिक बीजेपी उम्मीदवार भागीरथ चौधरी अपने चुनाव प्रचार के लिए मसूदा पहुंचे थे. इस दौरान मंच पर मौजूद मसूदा से पूर्व विधायक सुशील कंवर पलाड़ा के पति भंवर सिंह पलाड़ा और बीजेपी नेता नवीन शर्मा के बीच विवाद हो गया था. दोनों नेताओं के समर्थकों के बीच जमकर हाथापाई हुई थी. यहां तक कि दोनों नेताओं ने एक दूसरे को तमाचा भी जड़ दिया था. बताया गया था कि दोनों के बीच पहले भाषण देने को लेकर झड़प हुई थी. घटना से नाराज हो कर भागीरथ चौधरी सभा छोड़कर चले गए थे.
पड़ताल से साफ है कि वायरल वीडियो बिहार का नहीं बल्कि राजस्थान का है और एक साल से ज्यादा पुराना है. साथ ही, वीडियो में हाथापाई करते दिख रहे लोग बीजेपी के ही कार्यकर्ता हैं.