वैलेंटाइन डे के मौके पर हिंदू महासभा के लोगों ने कहा कि इस दिन कोई प्रेमी जोड़ा किसी होटल, रेस्टोरेंट या पार्क में सार्वजनिक रूप से प्यार का इजहार करते हुए नजर आया तो तुरंत ही उसकी शादी करवा दी जाएगी. हिंदू महासभा युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष विमलेश मिश्रा का कहना है कि प्यार करना गलत नहीं है, प्यार माता-पिता, भाई- बहन से होता है. लेकिन सनातन धर्म और संस्कृति को नष्ट कर सार्वजनिक रूप से प्यार करना बिल्कुल गलत है.
14 फरवरी यानी वैलेंटाइन डे पर हिंदू महासभा शहर के सभी होटल, रेस्टोरेंट और पार्कों पर नजर रखेगा और यदि कोई प्रेमी जोड़ा सार्वजनिक रूप से प्रेम करता हुआ नजर आएगा तो तुरंत कार्रवाई करते हुए उस जोड़े की मंदिर में शादी करा दी जाएगी.
Valentine's Day 2023: शादी के लिए सही व्यक्ति कैसे चुनें? बहुत काम आएगा सद्गुरु का ये टिप्स
सार्वजनिक रूप से कोई प्यार का इजहार करेगा तो उसकी होगी शादी
हिंदू महासभा ने होटल और रेस्टोरेंट मालिकों को भी चेतावनी दी है. अगर किसी भी प्रकार की कोई गलत गतिविधियां उनके होटल या रेस्टोरेंट में पाई जाती हैं तो उनके खिलाफ भी प्रशासन द्वारा सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी. इसके अलावा मालिकों से यह भी अनुरोध किया है कि कोई युवक व युवती ऑनलाइन बुकिंग कराकर आपके होटल में आए तब आप उसकी पहचान के लिए दोनों के आधार कार्ड लें.
होटल और रेस्टोरेंट मालिकों को हिंदू महासभा के लोगों ने दी चेतावनी
प्रदेश अध्यक्ष विमलेश मिश्रा ने फर्रुखाबाद में सार्वजनिक रूप से ऐलान किया है कि वैलेंटाइन डे सनातन धर्म का नहीं है, यह अंग्रेजों का बनाया हुआ दिन है. इससे सनातन धर्म को काफी नुकसान हो रहा है.
राजा क्लाउडियस प्यार के सख्त खिलाफ थे
बता दें कि वैलेंटाइन डे को मनाने की कहानी रोम के एक संत वैलेंटाइन से जुड़ी हुई है. ऐसा कहा जाता है कि रोम के राजा क्लाउडियस प्यार के सख्त खिलाफ थे, क्योंकि उनका मानना था कि प्रेम और विवाह से पुरूषों की बुद्धि और उनकी शक्ति पर प्रभाव पड़ता है. इसलिए उन्होंने सैनिकों के शादी करने पर भी रोक लगा दी थी. वहीं, दूसरी तरफ संत वैलेंटाइन प्यार को बढ़ावा देते थे, उनके लिए प्रेम ही जीवन था. उन्होंने राजा के खिलाफ जाकर कई लोगों की शादियां भी करवाईं थी.
फिरोज़ खान