आपके कार्यस्थल का सीधा सम्बन्ध शनि से है. यह कार्यस्थल के लोगों के बारे में बताता है. इसके अलावा कुंडली का सप्तम और दशम भाव भी महत्वपूर्ण है. इससे आप यह समझ सकते हैं कि कार्यस्थल का माहौल कैसा है. बुध भी यहाँ महत्वपूर्ण हो जाता है, क्योंकि इसकी सहायता से व्यक्ति अपने कार्यस्थल पर एडजस्ट कर पाता है. राहु और मंगल कार्यस्थल पर समस्याएं पैदा करते हैं. कुंडली में सप्तम भाव कमजोर होने पर वहां असहयोग मिलता है.
कैसे ऑफिस में सब होगा अच्छा-
- नित्य प्रातः और सायं शनि मंत्र का जप करें
- एक लोहे का छल्ला धारण करें
- अपने काम करने की जगह पर एक सफ़ेद मार्बल का टुकड़ा रखें
- अपने सामने रंग बिरंगे फूलों का चित्र लगाएं
सहकर्मियों के साथ है समस्या?-
- नित्य प्रातः सूर्य को जल अर्पित करें
- स्नान के बाद हल्की सुगंध जरूर लगाएं
- ऑफिस जाते समय गुड़ खाकर जाएँ
- मंगलवार को हनुमान मंदिर जाकर हनुमान जी का दर्शन करें
- काम के स्थान पर एक लाल रंग का फूल रखें
काम की प्रशंसा नहीं मिलती?-
- नित्य प्रातः सूर्य को जल अर्पित करें
- एक ताँबे का छल्ला जरूर धारण करें
- काम के स्थान पर उगते हुए सूर्य का चित्र लगाएं
- अपनी पेन दूसरों को न दें
खुद एडजस्ट करने में समस्या हो रही हो ?-
- रोज स्नान करें
- नमः शिवाय का जप करें
- चन्दन की सुगंध का प्रयोग जरूर करें
- एक पेरिडॉट या मोती सलाह लेकर धारण करें