कानपुर में राजकीय बाल गृह (बालिका) में नाबालिग बच्ची के गर्भवती पाए जाने की रिपोर्ट पर फिरोजाबाद प्रशासन ने सफाई दी है. यह बच्ची फिरोजाबाद की रहने वाली है.
कानपुर में राजकीय बाल गृह (बालिका) में कोरोना संक्रमित मिली नाबालिग लड़कियों में एक फिरोज़ाबाद के थाना मक्खनपुर क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली है. फिरोज़ाबाद प्रशासन ने बताया कि लड़की ननिहाल में अपने एक दोस्त के साथ चली गई थी. जब पुलिस ने लड़की को बरामद किया तो वह 2 महीने की प्रेग्नेंट थी.
प्रशासन के मुताबिक जिला एवं सत्र न्यायालय के आदेश पर लड़की को कानपुर बालिका गृह में भेज दिया गया था क्योंकि वह अपने परिवार वालों के साथ नहीं जाना चाहती थी.
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प्रशासन ने बताया कि लड़की के भाई ने थाना मक्खनपुर में उस युवक के खिलाफ मुकदमा भी लिखवाया था जो लड़की के साथ भाग गया था. भाई का कहना है कि उसकी बहन कानपुर संवासिनी गृह में है. उसकी बहन ने एक युवक से भागकर शादी की थी और उसी के साथ रह रही थी. हाई स्कूल की मार्कशीट में बालिका का जन्म 2005 लिखा गया था, लेकिन वह 14 साल की बताई जा रही है.
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प्रशासन के मुताबिक उसने मां- बाप के साथ रहने से मना कर दिया था. इसलिए उसे 16 फरवरी 2020 को कानपुर के सरकारी संवासिनी गृह में भेज दिया था. उस समय वह 2 माह की गर्भवती थी. फिरोजाबाद के जिला बाल संरक्षण अधिकारी अभय कुमार ने इसकी पुष्टि की है. उन्होंने कहा कि फिरोजाबाद में बालिका गृह नहीं होने की वजह से बच्ची को कानपुर भेज दिया गया था.
कुमार अभिषेक / सुधीर शर्मा