केरल, दिल्ली, यूपी, पंजाब, बेंगलुरू और जम्मू से एक-एक मामले सामने आए हैं. 41 मरीजों में COVID-19 सक्रिय पाया गया है, जिसका इलाज जारी है. 8 मार्च को ही केरल से 5 कोरोना वायरस के मामले सामने आए थे. केरल के 3 मरीजों इटली की यात्रा कर चुके हैं, वहीं 2 अन्य उन्हीं के परिवार के सदस्य हैं.
लद्दाख में 2 मरीज कोरोना संक्रमित हैं. दोनों मरीज ईरान की यात्रा कर चुके हैं. तमिलनाडु से भी एक मामला सामने आया है. तमिलनाडु में जिस शख्स में कोरोना वायरस का संक्रमण पाया गया है, वह ओमान की यात्रा कर चुका है. 5 मार्च को गाजियाबाद में कोरोना वायरस का 1 मामला सामने आया था. जयपुर में 2 इटली के नागरिकों में कोरोना का संक्रमण पाया गया है, वहीं दिल्ली में 14 इटैलियन और 2 भारतीय COVID-19 से ग्रसित हैं.
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आगरा में कोरोना वायरस से 6 लोग संक्रमित पाए गए थे, वहीं गाजियाबाद में 6 मार्च को ही एक मामला सामना आया था. हरियाणा के गुरुग्राम में एक पेटीएम कर्मचारी में कोरोना संक्रमण का मामला सामने आया था. हैदराबाद में भी एक कोरोना वायरस से संक्रमित मरीज पाया गया है. केरल में पहले जिन तीन लोगों में कोरोना का संक्रमण पाया गया था, वे पूरी तरह से ठीक हो चुके हैं, उन्हें डिस्चार्ज कर दिया गया है.
8,74,708 अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की हो चुकी है स्क्रीनिंग
स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, अब तक हवाई अड्डों पर 8,255 उड़ानों से कुल 8,74,708 अंतर्राष्ट्रीय यात्रियों की स्क्रीनिंग की गई है, जिनमें 1,921 यात्रियों में रोग के लक्षणों की पहचान की गई है. इनमें से 177 को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जबकि 33,599 यात्री निगरानी में हैं. कुल 21,867 यात्रियों ने अपनी सर्विलांस की अवधि पूरी कर ली है.
कोरोना पर अलर्ट मोड में है स्वास्थ्य मंत्रालय
मंत्रालय ने लोगों से आग्रह किया है कि वे अलग-अलग जगहों पर की गई उनकी यात्रा के बारे में स्पष्ट रूप से बताएं और विवरण को ठीक से भरें. स्वास्थ्य मंत्रालय के विशेष सचिव संजीव कुमार ने यह भी स्पष्ट किया कि मुर्शिदाबाद, पश्चिम बंगाल के मरीज का कोविड-19 के लिए नेगेटिव रिपोर्ट आई है. उन्होंने कहा कि अब तक देश में इस वायरस की वजह से कोई मौत नहीं हुई है.
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केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. हर्षवर्धन राज्यों के साथ-साथ केंद्र शासित प्रदेशों की स्थिति और संक्रमण से बचने के लिए भविष्य की तैयारियों की स्थिति की लगातार समीक्षा कर रहे हैं. इसके अलावा सचिव (एचएफडब्ल्यू) नियमित आधार पर राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों के साथ स्थिति की समीक्षा कर रहे हैं.
स्वास्थ्य मंत्रालय ने लोगों से भारत में कोरोनावायरस के बढ़ते मामलों के मद्देनजर क्या करना चाहिए और क्या नहीं (डू एंड डॉन्ट्स), खांसते समय सावधानी, बार-बार हाथ धोने और बड़े समारोहों से बचने की अपील की है.
मंजीत नेगी