दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली गृह मंत्री कैलाश गहलोत को सिविल डिफेंस वॉलिंटियर्स और होमगार्ड को लेकर निर्देश दिए हैं. उन्होंने कहा कि दिल्ली के सिविल डिफेंस वॉलिंटियर्स को होम गार्ड के तौर पर नियुक्त करने का प्लान बनाया जाए और उन्हें बस मार्शल के तौर पर काम करने दिया जाए. मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के मुताबिक अगर सिविल डिफेंस वॉलिंटियर्स को ही होमगार्ड के तौर पर नियुक्त करके बस मार्शल की ड्यूटी पर लगाया जाएगा तो एक तरफ सरकार को इन लोगों के अनुभव का फायदा मिलेगा और दूसरी तरफ इनकी नौकरी भी बनी रहेगी.
दिल्ली के गृह मंत्री को लिखे नोट में मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बताया है कि इस बात को लेकर कानूनी आपत्ति जाहिर की गई थी कि सिविल डिफेंस वालंटियर को बस मार्शल के तौर पर तैनात नहीं किया जा सकता, क्योंकि यह कहा गया कि सिविल डिफेंस वॉलिंटियर्स से केवल आपदा के समय काम लिया जा सकता है नियमित नहीं. मुख्यमंत्री ने बताया कि इस कानूनी आपत्ति के चलते ही यह सुझाव दिया गया था कि बस मार्शल के तौर पर सिविल डिफेंस वॉलिंटियर्स को नहीं बल्कि होमगार्ड को लगाया जाए.
मुख्यमंत्री ने अपने नोट में बताया है कि उन्होंने उपराज्यपाल को भी प्रस्ताव भेजा है जिसमें कहा है कि सिविल डिफेंस वॉलिंटियर्स को तब तक न हटाया जाए जब तक पर्याप्त होमगार्ड की नियुक्ति बस मार्शल के तौर पर नहीं हो जाती.
दरअसल, पहले सामने आया था कि, 10 हजार से अधिक इन सीडीवी को इस महीने के अंत में बर्खास्त किया जा सकता है. सीडीवी की नियुक्तियों पर विरोधी राजनीतिक दल लगातार दिल्ली सरकार पर सवाल उठाते रहे हैं. मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने इन वॉलंटियर्स को अप्रैल से वेतन न मिलने पर निराशा जताते हुए वेतन में देरी करने वाले अधिकारियों के खिलाफ भी कड़े एक्शन की सिफारिश की थी.
पंकज जैन