'एक आदमी दो सीटों से अलग-अलग पार्टियों से कैसे चुनाव लड़ सकता है', AIMIM के इम्तियाज जलील ने उठाया सवाल

महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर नगर निगम चुनाव में विवादित मामला सामने आया है, जहां AIMIM नेता इम्तियाज़ जलील ने दावा किया कि एक ही उम्मीदवार दो अलग-अलग पार्टियों कांग्रेस और वंचित बहुजन आघाड़ी की टिकट पर चुनाव लड़ रहा है. जलील ने राज्य निर्वाचन आयोग से स्पष्टीकरण की मांग की है.

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AIMIM नेता का दावा है कि कांग्रेस और VBA दोनों टिकट पर एक ही उम्मीदवार चुनावी मैदान में उतरा है (Photo: ITG) AIMIM नेता का दावा है कि कांग्रेस और VBA दोनों टिकट पर एक ही उम्मीदवार चुनावी मैदान में उतरा है (Photo: ITG)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 15 जनवरी 2026,
  • अपडेटेड 8:15 AM IST

महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर नगर निगम चुनाव में एक अनोखा और विवादित मामला सामने आया है. AIMIM नेता इम्तियाज़ जलील ने दावा किया है कि एक ही उम्मीदवार दो अलग-अलग राजनीतिक दलों के टिकट पर चुनावी मैदान में उतरा है. इस मामले ने चुनावी नियमों और प्रक्रिया को लेकर नई बहस को जन्म दिया है.

इम्तियाज़ जलील का दावा है कि यह उम्मीदवार एक वार्ड से कांग्रेस पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ रहा है, वहीं दूसरे वार्ड से वंचित बहुजन आघाड़ी के टिकट पर मैदान में है. जबकि कई बार एक ही व्यक्ति एक से अधिक सीटों से चुनाव लड़ता है, लेकिन दो अलग-अलग पार्टियों के टिकट पर एक साथ चुनाव लड़ना बहुत ज्यादा असाधारण और चुनावी नियमों के नज़रिए से विवादित माना जा रहा है.

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जलील ने बताया कि इस मामले पर उन्होंने कानूनी सलाह भी ली है, लेकिन अभी तक कोई साफ जवाब नहीं मिला है. नामांकन के दौरान भरे जाने वाले एबी फॉर्म में उम्मीदवार द्वारा राजनीतिक पार्टी का साफ उल्लेख होता है. ऐसे में एक उम्मीदवार का दो पार्टी टिकट लेकर नामांकन स्वीकार होना समझ से बाहर है. 

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AIMIM ने इस विषय को लेकर राज्य निर्वाचन आयोग से औपचारिक तौर पर स्पष्टीकरण देने की मांग की है. जलील ने चेतावनी दी है कि इस तरह की स्थिति यदि साफ नहीं हुई, तो आने वाले विधानसभा चुनावों में चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता पर प्रश्न उठ सकते हैं.

छत्रपति संभाजीनगर नगर निगम चुनाव का मतदान गुरुवार को हो रहा, जो महाराष्ट्र के अन्य 28 नगर निकाय चुनावों के साथ एकसाथ जारी है. फिलहाल, सभी की निगाहें राज्य निर्वाचन आयोग के रुख पर टिकी हैं कि वह इस मामले में क्या स्पष्टीकरण देता है और क्या कोई कार्रवाई की जाती है.

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इनपुट: पीटीआई

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