'...तो 15 जून से फिर दिल्ली में धरना देंगे पहलवान,' महापंचायत में बजरंग पूनिया का ऐलान

सोनीपत में पहलवानों ने महापंचायत हुई है. इसमें पहलवानों ने अपने समर्थकों को आमंत्रित किया था. महापंचायत पर कुश्ती संघ के अध्यक्ष बृजभूषण सिंह की गिरफ्तारी की मांग पर चर्चा हुई. पहलवानों ने बताया कि सरकार बृजभूषण शरण सिंह को गिरफ्तार करने के लिए तैयार नहीं है.

Advertisement
महापंचायत के बारे में बजरंग पूनिया ने जानकारी दी. महापंचायत के बारे में बजरंग पूनिया ने जानकारी दी.

पवन राठी / अमित भारद्वाज

  • सोनीपत,
  • 10 जून 2023,
  • अपडेटेड 2:18 PM IST

हरियाणा के सोनीपत में शनिवार को पहलवानों की महापंचायत हुई है. इसमें कुश्ती संघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह की गिरफ्तारी की मांग को लेकर एक बार फिर चर्चा हुई. महापंचायत में किसान यूनियन समेत उन सभी संगठनों को आमंत्रित किया गया था, जिन्होंने दिल्ली के जंतर-मंतर पर पहलवानों के धरना-प्रदर्शन को समर्थन दिया था.

इस महापंचायत में हरियाणा और पंजाब से खाप और किसान संगठनों के प्रतिनिधि शामिल हुए हैं. महापंचायत में बजरंग पूनिया, साक्षी मलिक, सत्यव्रत कादियान और विनेश फोगट के पति सोमवीर राठी भी शामिल होने पहुंचे. बजरंग पुनिया ने महापंचायत के सामने कहा, यह बृजभूषण के साथ मेरी निजी लड़ाई नहीं है. यह लड़ाई बहन/बेटियों की इज्जत की है. हम 15 जून तक इंतजार करेंगे. हमारा आंदोलन खत्म नहीं हुआ है. अगर सरकार हमारी मांगों को नहीं मानती है, तो हम 15 जून के बाद जंतर-मंतर पर अपना विरोध फिर से शुरू करेंगे. 

Advertisement

इससे पहले बजरंग पूनिया ने कहा था, बैठक में अपने समर्थकों के बीच सरकार के साथ हुई बातचीत का लेखा-जोखा रखेंगे. महापंचायत में जो फैसला होगा उस पर चर्चा की जाएगी.

'चर्चा के बाद आगे का निर्णय लेंगे'

बजरंग ने कहा, सरकार से चर्चा के बाद हमने पहले ही बताया था कि जितनी हमारी खाप पंचायतें हैं और चौधरी हैं, जो लोग हमसे जुड़े हैं, उन सभी से बातचीत करके आगे जानकारी दी जाएगी. बात करने के बाद आगे फैसला लेंगे. जगबीर सिंह कोच ने इस महापंचायत के बारे में बताया. उन्होंने कहा कि सभी पहलवान शामिल होंगे.

क्राइम सीन रिक्रिएट करने के लिए महिला पहलवान को लेकर WFI के ऑफिस पहुंची पुलिस

'बृजभूषण के खिलाफ मोर्चा खोले हैं पहलवान'

बता दें कि ओलंपियन और विश्व चैंपियनशिप के पदक विजेताओं समेत पहलवानों का एक ग्रुप भारतीय कुश्ती महासंघ (डब्ल्यूएफआई) के निवर्तमान प्रमुख बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ मोर्चा खोले है. उन्होंने दिल्ली में एक महीने से ज्यादा समय तक आंदोलन किया है. बृजभूषण पर एक नाबालिग समेत सात महिला पहलवानों के खिलाफ यौन उत्पीड़न का आरोप है. इस मामले में उनकी गिरफ्तारी की मांग की गई है.

Advertisement

15 जून तक आंदोलन किया है स्थगित

इससे पहले 7 जून को किसान नेता राकेश टिकैत ने केंद्रीय खेल मंत्री अनुराग ठाकुर से मुलाकात के बाद कहा था कि कुश्ती महासंघ के प्रमुख के खिलाफ उनका विरोध 15 जून तक स्थगित रहेगा. उन्होंने पहलवानों को अपना समर्थन दोहराया था. भारतीय किसान यूनियन (बीकेयू) के प्रवक्ता टिकैत ने कहा कि किसान समुदाय पहलवानों के साथ खड़ा रहेगा.

एक हफ्ते में जांच रिपोर्ट, पहलवानों पर दर्ज केस वापस, 30 जून तक WFI चुनाव... खेल मंत्री और पहलवानों के बीच किन बातों पर बनी सहमति

बृजभूषण ने आरोपों को खारिज किया

वहीं, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के लोकसभा सांसद बृजभूषण ने आरोपों को खारिज किया है. उन्होंने एक बयान में कहा है कि यह अच्छा है, अगर (पहलवानों और सरकार के बीच) कोई समझौता हुआ है कि दिल्ली पुलिस 15 जून तक मामले में अपनी जांच पूरी कर लेगी. हम खेल समिति के साथ हैं और अब सरकार के बीच बातचीत शुरू हो गई है. 

खेल मंत्री के साथ 5 घंटे तक बैठक

पहलवानों ने अनुराग ठाकुर के साथ करीब पांच घंटे तक बैठक की. उसके बाद एक बयान में कहा, सरकार ने उन्हें आश्वासन दिया है कि उनके खिलाफ दर्ज सभी एफआईआर वापस ली जाएंगी. पहलवानों पर 28 मई को कानून और व्यवस्था के उल्लंघन के लिए केस दर्ज किया गया था.

Advertisement

'बृजभूषण की गिरफ्तारी हो...', अनुराग ठाकुर और पहलवानों के बीच 5 घंटे तक चली बैठक

पहलवानों ने दिल्ली में बिना अनुमति के 'महिला सम्मान महापंचायत' का आयोजन किया था और नए संसद भवन की ओर मार्च किया था. बुधवार की खेल मंत्री के साथ बैठक में ओलंपिक पदक विजेता बजरंग पूनिया, साक्षी मलिक, उनके पति सत्यव्रत कादियान और जितेंद्र किन्हा ने हिस्सा लिया.

पहलवानों ने सरकार के सामने क्या प्रस्ताव रखे...

- बृजभूषण शरण सिंह की गिरफ्तारी हो.
- दिल्ली पुलिस ने पहलवानों और समर्थंकों पर एफआईआर दर्ज की है, वो केस वापस लिए जाएं.
- कुश्ती फेडरेशन से बृजभूषण और उनके परिवार, परिचित के लोग फेडरेशन में शामिल ना हों.
- फेडरेशन में महिला कमेटी का गठन किया जाए, जिसकी अध्यक्ष महिला हो.
- फेडरेशन से बृजभूषण का कोई हस्तक्षेप नहीं हो. 

सरकार ने क्या आश्वासन दिया...

- एफआईआर के मामले में 15 जून तक चार्जशीट पेश होगी. 
-पहलवानों पर दर्ज सभी मुकदमे वापस होंगे.
- कमेटी गठित की जाएगी.
- अभी सरकार गिरफ्तारी वाली मांग नहीं मान रही.
 

 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement