'ज्यादा दिनों तक सलाखों के पीछे नहीं रख सकते' ...SC ने दिल्ली शराब घोटाले के आरोपी बिनॉय बाबू को दी जमानत

शीर्ष अदालत ने जांच एजेंसियों की दलीलों में विसंगतियों पर भी गौर किया. सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) जो आरोप लगा रहा है और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) जो आरोप लगा रहा है, उसके बीच विरोधाभास प्रतीत होता है. सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को सुनवाई के दौरान कहा, 'यह उचित नहीं है. हमें नहीं पता कि यह मामला (आगे) कैसे आगे बढ़ेगा'. 

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सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली शराब नीति घोटाला केस के आरोपी बिनॉय बाबू को जमानत दी. सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली शराब नीति घोटाला केस के आरोपी बिनॉय बाबू को जमानत दी.

नलिनी शर्मा

  • नई दिल्ली,
  • 08 दिसंबर 2023,
  • अपडेटेड 1:58 PM IST

सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली शराब नीति मामले में आरोपी और शराब की दिग्गज कंपनी पेरनोड रिकार्ड के अधिकारी बिनॉय बाबू को शुक्रवार को जमानत दे दी. आरोपी को राहत देते हुए शीर्ष अदालत ने कुछ महत्वपूर्ण टिप्पणियां कीं. अदालत ने रेखांकित किया, 'आप मुकदमे से पहले लोगों को इतने लंबे समय तक सलाखों के पीछे नहीं रख सकते'. बिनॉय बाबू को प्रवर्तन निदेशालय ने 10 नवंबर, 2022 को गिरफ्तार किया था और तबसे वह न्यायिक हिरासत में थे.

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बिनॉय बाबू को 13 महीने बाद सुप्रीम कोर्ट से राहत मिली है. वह दिल्ली के कथित शराब घोटाला केस में सीबीआई द्वारा दर्ज केस में सरकारी गवाह भी हैं. जबकि इसी मामले में ईडी द्वारा दर्ज मनी लॉन्ड्रिंग केस में वह आरोपी हैं. बाबू को सुप्रीम कोर्ट से यह राहत दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट द्वारा दिल्ली उत्पाद शुल्क नीति मामले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में अंतरिम चिकित्सा जमानत देने से इनकार करने के दो दिन बाद आई है.

बिनॉय बाबू की ईडी के मनी लॉन्ड्रिंग केस में हैं आरोपी

दिल्ली हाई कोर्ट ने कहा था कि मेडिकल आधार पर 4.5 महीने की अंतरिम जमानत देने के लिए यह उपयुक्त मामला नहीं है और आरोपी एक गंभीर मामले में हिरासत में है. हाई कोर्ट ने माना था कि वह मनी लॉन्ड्रिंग मामले की गंभीरता को नजरअंदाज नहीं कर सकता है. बिनॉय बाबू की नियमित जमानत याचिका न केवल राउज एवेन्यू कोर्ट बल्कि दिल्ली उच्च न्यायालय द्वारा पहले ही खारिज कर दी गई थी. पिछली सुनवाई में बाबू की ओर से पेश वरिष्ठ वकील साल्वे ने कहा था कि उनके मुवक्किल के पास योग्यता के आधार पर नियमित जमानत का अच्छा मामला है. 

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शीर्ष अदालत ने जांच एजेंसियों की दलीलों में विसंगतियों पर भी गौर किया. सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) जो आरोप लगा रहा है और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) जो आरोप लगा रहा है, उसके बीच विरोधाभास प्रतीत होता है. सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को सुनवाई के दौरान कहा, 'यह उचित नहीं है. हमें नहीं पता कि यह मामला (आगे) कैसे आगे बढ़ेगा'. दिल्ली शराब घोटाला मामले में ही दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया और आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह जेल में हैं.

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