लोकसभा चुनाव नजदीक है जाहिर सी बात है कि माहौल सियासी हो चुका है. सभी मतदाता अपनी पसंदीदा पार्टी और प्रत्याशी को सपोर्ट कर रहे हैं. और चाहते हैं कि वही जीतें. राजनीति को लेकर बॉलीवुड में कई फ़िल्में बनी हैं.
भारतीय राजनीति के अलग-अलग पहलुओं को रुपहले पर्दे पर अलग-अलग अंदाज से दिखाने की कोशिशें की गई हैं. आइए जानते हैं कि कुछ बॉलीवुड फिल्मों के बारे में जिनकी कहानियां राजनीतिक और मतदान को लेकर जुड़ी हैं.
किस्सा कुर्सी का:
अमृत नाहटा के निर्देशन में बनी यह फिल्म 1978 में रिलीज हुई थी. फिल्म की कहानी दो राजनीतिक दलों की लड़ाई के बारे में है जिसके दौरान एक तीसरा फ्रंट अपना फायदा करने की कोशिश में आगे आ जाता है. शबाना आजमी, मनोहर सिंह और रेहाना सुल्तान स्टारर यह फिल्म उस दौर में खूब लोकप्रिय हुई थी.
न्यूटन:
साल 2017 में रिलीज हुई राजकुमार राव स्टारर यह फिल्म खूब चर्चा में रही. फिल्म एक ऐसे बूथ ऑफिसर के बारे में थी जो अपनी जिम्मेदारियों को भली भांति समझता है और किसी भी हाल में निष्पक्ष मतदान कराना चाहता है. हालांकि ये फिल्म राजनीतिक नहीं है. फिल्म की कहानी मतदान पर केंद्रित है.
राजनीति:
साल 2010 में रिलीज हुई इस फिल्म का निर्देशन प्रकाश झा ने किया था. फिल्म में कटरीना कैफ, रणबीर कपूर, अजय देवगन और अर्जुन कपूर और नाना पाटेकर मुख्य भूमिका में नजर आए थे. फिल्म की कहानी एक राजनेता के बेटे की है जो पढ़ाई करने विदेश चला जाता है, लेकिन अपने पिता की मौत के बाद उसे वापस आना पड़ता है. कुछ ऐसी स्थितियां बनती हैं कि उसे परिवार की राजनीति के लिए काम करना पड़ता है.
युवा:
अजय देवगन, अभिषेक बच्चन, करीना कपूर, ईशा देओल और विवेक ओबेरॉय स्टारर यह फिल्म युवा राजनीति की अनूठी कहानी सुनाती है. फिल्म साल 2004 में रिलीज हुई थी और इसका निर्देशन मणि रत्नम ने किया था.
नायक:
अनिल कपूर, रानी मुखर्जी और अम्बरीश पुरी स्टारर यह फिल्म महज 25 करोड़ रुपये के बजट से बनी थी. साल 2001 में रिलीज हुई यह फिल्म एक ऐसे न्यूज एंकर के बारे में थी जो एक लाइव टीवी शो के दौरान सीएम से भिड़ जाता है और बहसबाजी में सीएम उससे 24 घंटे के लिए राज्य का मुख्यमंत्री बनने की चुनौती दे देते हैं. ताकि वह देख सके कि यह काम कितना मुश्किल होता है. किस तरह एक आम आदमी एक दिन के लिए मुख्यमंत्री बनकर राज्यभर की जनता का दिल जीत लेता है यही फिल्म की कहानी है.