पंजाब की सत्ताधारी आम आदमी पार्टी की सरकार राज्य की जनता से जिन वादों को करके सत्ता में आई थी, उनमें से एक वादा था राज्य के युवाओं को अच्छी शिक्षा देने का लेकिन सरकार के 7 महीने से अधिक समय बीतने के बाद सरकार के इस वादे और दावे की हवा निकलती नजर आ रही है. इसी के चलते गुरुवार को मोगा के कस्बा बाघापुराना के सरकारी कन्या सीनियर सेकेंडरी स्मार्ट स्कूल की छात्राओं ने अपने अभिभावकों सहित बाघापुराना के प्रमुख चौक पर धरना देते हुए मोगा कोटकपूरा रोड को जाम किया. इसके बाद किसी तरह पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों के बीच में पड़ने के बाद ये धरना उठवाया गया.
मीडिया से रूबरू स्कूली छात्राओं सहित उनके अभिभावकों ने आरोप लगाए कि पिछले 5 से 6 महीने से स्कूल में मेडिकल व नॉन मेडिकल विषयों के अध्यापक नहीं हैं. इसके चलते उनके बच्चों का भविष्य अंधकार में है. अभिभावकों ने कहा कि अभी तो स्कूल वाले अपने स्तर पर नंबर देकर उनके बच्चों को पास कर रहे हैं. लेकिन बोर्ड की परीक्षाओं में इस बात का खामियाजा उनके बच्चों को भुगतना पड़ेगा. अभिभावकों ने जल्द से जल्द स्कूल में अध्यापकों का इंतजाम करने की मांग की.
इस संबंध में जब स्कूल के प्रबंधक अध्यापक अवतार सिंह करीर से बात की गई तो उन्होंने बताया कि साइंस विषय का एक अध्यापक पिछले महीने जबकि दूसरा अध्यापक 2 दिन पहले चला गया है. यह मामला उनके ध्यान में है. इस संबंध में उनकी छात्राओं के अभिभावकों से बात भी हुई थी. उन्होंने बताया कि इस संबंध में जहां पंजाब सरकार से नए अध्यापकों की मांग की गई है, वहीं टेम्प्रेरी तौर पर स्कूल में अध्यापकों का प्रबंध भी कर लिया गया है ताकि बच्चों की पढ़ाई का नुकसान न हो.
मुनीष जिंदल